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Friday, July 12, 2024

*⛅दिनांक - 13 जुलाई 2024

 .             ।। 🕉 ।।

        🚩 जय श्री राम 🚩

         🌞 सुप्रभातम् 🌞

   ««« आज का पञ्चांग »»»


*⛅दिनांक - 13 जुलाई 2024:* आज का दिन है शनिवार, 13 जुलाई 2024।


*⛅दिन - शनिवार:* शनिवार सप्ताह का सातवां दिन है और इसे हिंदू धर्म में शनिदेव का दिन माना जाता है। शनिदेव को न्याय का देवता माना जाता है।


*⛅विक्रम संवत् - 2081:* यह विक्रम संवत् का वर्ष 2081 है। विक्रम संवत् भारतीय कैलेंडर का एक पारंपरिक संवत्सर है, जिसकी शुरुआत 57 ईसा पूर्व में राजा विक्रमादित्य ने की थी।


*⛅अयन - दक्षिणायण:* आज के दिन सूर्य दक्षिणायन में है, जिसका अर्थ है कि सूर्य का मार्ग दक्षिण की ओर है। यह आमतौर पर वर्ष की दूसरी छमाही में होता है।


*⛅ऋतु - वर्षा:* वर्तमान में वर्षा ऋतु चल रही है, जो जून से सितंबर तक रहती है। यह मौसम कृषि के लिए महत्वपूर्ण होता है।


*⛅मास - आषाढ़:* यह आषाढ़ मास है, जो हिंदू कैलेंडर का चौथा महीना है और इसे वर्षा ऋतु का प्रारंभिक महीना माना जाता है।


*⛅पक्ष - शुक्ल:* आज शुक्ल पक्ष है, जो कि महीने का उजला आधा भाग होता है और पूर्णिमा तक चलता है।


*⛅तिथि - सप्तमी दोपहर 03.05 जुलाई 13 तक तत्पश्चात अष्टमी:* आज की तिथि सप्तमी है, जो दोपहर 03:05 बजे तक है। इसके बाद अष्टमी तिथि शुरू होगी।


*⛅नक्षत्र - हस्त शाम 07:15 तक तत्पश्चात चित्रा:* हस्त नक्षत्र आज शाम 07:15 तक रहेगा, इसके बाद चित्रा नक्षत्र शुरू होगा। नक्षत्र चंद्रमा की स्थिति को दर्शाते हैं।


*⛅योग - शिव पूर्ण रात्रि:* आज शिव योग है, जो पूरे दिन और रात तक रहेगा। यह एक शुभ योग माना जाता है।


*⛅राहु काल - प्रातः 09:24 से प्रातः 11:05 तक:* राहु काल एक अशुभ समय माना जाता है, जो आज सुबह 09:24 से 11:05 तक रहेगा। इस दौरान शुभ कार्य करने से बचना चाहिए।


*⛅सूर्योदय - 06:02:* आज सूर्योदय सुबह 06:02 बजे होगा।


*⛅सूर्यास्त - 07:28:* आज सूर्यास्त शाम 07:28 बजे होगा।


*⛅दिशा शूल - पूर्व दिशा में:* आज पूर्व दिशा में दिशा शूल है, इसलिए इस दिशा में यात्रा करने से बचना चाहिए।


*⛅ब्राह्ममुहूर्त - प्रातः 04:38 से 05:20 तक:* ब्राह्ममुहूर्त आज सुबह 04:38 से 05:20 तक रहेगा। इसे दिन का सबसे शुभ समय माना जाता है।


*⛅अभिजीत मुहूर्त - दोपहर 12:19 से दोपहर 01:12:* अभिजीत मुहूर्त आज दोपहर 12:19 से 01:12 तक रहेगा। यह शुभ कार्यों के लिए सबसे अच्छा समय माना जाता है।


*⛅निशिता मुहूर्त- रात्रि 12:24 जुलाई 14 से रात्रि 01:07 जुलाई 14 तक:* निशिता मुहूर्त रात 12:24 से 01:07 तक रहेगा। यह समय रात्रि के आध्यात्मिक कार्यों के लिए महत्वपूर्ण माना जाता है।


*⛅विशेष - सप्तमी को ताड़ का फल खाने से रोग बढ़ते हैं और शरीर का नाश होता है। (ब्रह्मवैवर्त पुराण, ब्रह्म खंडः 27.29-34):* आज सप्तमी तिथि है और इस दिन ताड़ का फल खाने से बचना चाहिए, क्योंकि इससे रोग बढ़ सकते हैं और शरीर को नुकसान पहुंच सकता है। यह ब्रह्मवैवर्त पुराण में उल्लिखित है।


 *ज्योतिषीय कथाएँ* 


 *#कथा 1: शनिदेव और राजा विक्रमादित्य* 

एक समय की बात है, उज्जैन के राजा विक्रमादित्य ने एक सभा आयोजित की जिसमें सभी ग्रहों की महत्ता और प्रभाव पर चर्चा की गई। सभा में शनि देव का वर्णन नकारात्मक रूप में किया गया, जिससे शनिदेव नाराज हो गए। उन्होंने राजा विक्रमादित्य को साढ़े साती के प्रभाव में डाल दिया। राजा विक्रमादित्य को अनेक कष्टों का सामना करना पड़ा, लेकिन अपने धैर्य और भक्तिभाव से उन्होंने शनिदेव को प्रसन्न किया। शनिदेव ने उन्हें आशीर्वाद दिया और उनके कष्टों को समाप्त कर दिया।


 *#कथा 2: हनुमान जी और शनिदेव*

एक बार शनिदेव ने हनुमान जी से कहा कि वे उनकी राशि में प्रवेश करने वाले हैं और उन्हें कष्ट देंगे। हनुमान जी ने शनिदेव से अनुरोध किया कि वे उनके भक्तों को कष्ट न दें। शनिदेव ने कहा कि वे कर्म के अनुसार फल देते हैं। हनुमान जी ने शनिदेव को अपनी पूंछ में लपेट लिया और उन्हें कष्ट होने लगा। शनिदेव ने हनुमान जी से माफी मांगी और वादा किया कि वे हनुमान जी के भक्तों को कभी कष्ट नहीं देंगे। इसीलिए, शनि के प्रभाव को कम करने के लिए हनुमान जी की पूजा की जाती है।


 ⚜️ *आज का विस्तृत चंद्र राशि फलादेश (उपाय सहित)* 


 *#मेष (Aries)* 

*राशिफल:* आज आपको कार्यक्षेत्र में सफलता मिलेगी और आर्थिक स्थिति मजबूत होगी। परिवार के साथ समय बिताने का मौका मिलेगा।

*उपाय:* हनुमान जी की पूजा करें और मंगलवार के दिन व्रत रखें।


 *#वृषभ (Taurus)* 

*राशिफल:* आज का दिन आपके लिए मिलाजुला रहेगा। स्वास्थ्य पर ध्यान दें और किसी भी महत्वपूर्ण निर्णय को सोच-समझकर लें।

*उपाय:* शिवलिंग पर जल चढ़ाएं और ॐ नमः शिवाय मंत्र का जाप करें।


 *#मिथुन (Gemini)* 

*राशिफल:* आज आपके लिए नए अवसर आएंगे। किसी नई योजना पर काम शुरू कर सकते हैं।

*उपाय:* विष्णु जी की आराधना करें और केले का दान करें।


 *#कर्क (Cancer)* 

*राशिफल:* आज का दिन आपके लिए खुशी और सुकून भरा रहेगा। पारिवारिक विवाद सुलझेंगे।

*उपाय:* दुर्गा माता की पूजा करें और लाल वस्त्र धारण करें।


 *#सिंह (Leo)* 

*राशिफल:* आज आपको अपनी मेहनत का फल मिलेगा। आर्थिक मामलों में सुधार होगा।

*उपाय:* सूर्यदेव को अर्घ्य दें और सूर्य मंत्र का जाप करें।।


 *#कन्या (Virgo)* 

*राशिफल:* आज आपको स्वास्थ्य संबंधी परेशानी हो सकती है। खान-पान का ध्यान रखें।

*उपाय:* गणेश जी की पूजा करें और दुर्वा अर्पित करें।


 *#तुला (Libra)* 

*राशिफल:* आज का दिन आपके लिए शुभ रहेगा। सामाजिक प्रतिष्ठा में वृद्धि होगी।

*उपाय:* लक्ष्मी जी की पूजा करें और चावल का दान करें।।


 *#वृश्चिक (Scorpio)* 

*राशिफल:* आज आपको कार्यक्षेत्र में कठिनाइयों का सामना करना पड़ सकता है। धैर्य रखें।

*उपाय:* शिवलिंग पर दूध चढ़ाएं और ॐ नमः शिवाय मंत्र का जाप करें।


 *#धनु (Sagittarius)* 

*राशिफल:* आज का दिन आपके लिए यात्रा के लिहाज से शुभ है। नए संपर्क बनेंगे। शनि की साढ़े साती का अंतिम चरण चल रहा है, जिससे थोड़ी चुनौतियाँ आ सकती हैं, लेकिन धैर्य और मेहनत से सफलता मिलेगी।

*उपाय:*

- विष्णु जी की पूजा करें और पीले फूल अर्पित करें।

- शनि मंदिर में जाकर सरसों के तेल का दीपक जलाएं और गरीबों को काले वस्त्र का दान करें।


 *#मकर (Capricorn)* 

*राशिफल:* आज आपको आर्थिक मामलों में सतर्क रहने की आवश्यकता है। निवेश सोच-समझकर करें। शनि की साढ़े साती का दूसरा चरण चल रहा है, जिससे आपको धैर्य और संतुलन बनाए रखने की आवश्यकता होगी।

*उपाय:*

- शनिदेव की पूजा करें और काले तिल का दान करें।

- काले कुत्ते को रोटी खिलाएं और शनि मंत्र "ॐ शं शनैश्चराय नमः" का जाप करें।


 *#कुंभ (Aquarius)* 

*राशिफल:* आज का दिन आपके लिए प्रेम और रिश्तों के मामले में शुभ है। पुराने मतभेद सुलझेंगे। शनि की साढ़े साती का पहला चरण चल रहा है, जिससे आपको रिश्तों और कार्यक्षेत्र में थोड़ी सावधानी बरतनी होगी।

*उपाय:*

- शिवलिंग पर जल चढ़ाएं और ॐ नमः शिवाय मंत्र का जाप करें।

- शनि मंदिर में जाकर नीले फूल अर्पित करें और गरीबों को अनाज का दान करें।


 *#मीन (Pisces)* 

*राशिफल:* आज का दिन आपके लिए मानसिक शांति और आत्मनिरीक्षण का है। ध्यान और योग करें। किसी नए प्रोजेक्ट पर काम शुरू करने से पहले पूरी योजना बनाएं।

*उपाय:* 

- विष्णु सहस्त्रनाम का पाठ करें और गुरुवार के दिन व्रत रखें।

- गुरुवार को पीले वस्त्र पहनें और केले का दान करें।


🌐 *आपका दिन मंगलमय हो।*


*हर हर महादेव 🚩*

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।। 🐚 शुभम भवतु 🐚 ।।

🇮🇳🇮🇳 भारत माता की जय 🚩🚩

🌞 *~ वैदिक पंचांग ~* 🌞 🌤️ *दिनांक -13 जुलाई 2024*

 🌞 *~ वैदिक पंचांग ~* 🌞

 🌤️  *दिनांक -13 जुलाई 2024*



🌤️ *दिन - शनिवार*

🌤️ *विक्रम संवत - 2081 (गुजरात-महाराष्ट्र अनुसार  2080)*

🌤️ *शक संवत -1946*

🌤️ *अयन - दक्षिणायन*

🌤️ *ऋतु - वर्षा ॠतु* 

🌤️ *मास - आषाढ*

🌤️ *पक्ष - शुक्ल* 

🌤️ *तिथि - सप्तमी शाम 03:05 तक तत्पश्चात अष्टमी*

🌤️ *नक्षत्र - हस्त शाम 07:15 तक तत्पश्चात चित्रा*

🌤️ *योग - शिव पूर्ण रात्रि तक*

🌤️ *राहुकाल - सुबह 09:25 से सुबह 11:05 तक*

🌞 *सूर्योदय-06:06*

🌤️ *सूर्यास्त- 19:22*

👉 *दिशाशूल - पूर्व दिशा मे*

🚩 *व्रत पर्व विवरण- 

💥 *विशेष - *सप्तमी को ताड़ का फल खाने से रोग बढ़ता है तथा शरीर का नाश होता है। (ब्रह्मवैवर्त पुराण, ब्रह्म खंडः 27.29-34)*

💥 *ब्रह्म पुराण' के 118 वें अध्याय में शनिदेव कहते हैं- 'मेरे दिन अर्थात् शनिवार को जो मनुष्य नियमित रूप से पीपल के वृक्ष का स्पर्श करेंगे, उनके सब कार्य सिद्ध होंगे तथा मुझसे उनको कोई पीड़ा नहीं होगी। जो शनिवार को प्रातःकाल उठकर पीपल के वृक्ष का स्पर्श करेंगे, उन्हें ग्रहजन्य पीड़ा नहीं होगी।' (ब्रह्म पुराण')*

💥 *शनिवार के दिन पीपल के वृक्ष का दोनों हाथों से स्पर्श करते हुए 'ॐ नमः शिवाय।' का 108 बार जप करने से दुःख, कठिनाई एवं ग्रहदोषों का प्रभाव शांत हो जाता है। (ब्रह्म पुराण')*

💥 *हर शनिवार को पीपल की जड़ में जल चढ़ाने और दीपक जलाने से अनेक प्रकार के कष्टों का निवारण होता है ।(पद्म पुराण)*

          🌞 *~ वैदिक पंचांग ~* 🌞


🌷 *चातुर्मास्य व्रत की महिमा* 🌷


➡ *17 जुलाई 2024 बुधवार से चातुर्मास प्रारंभ।*

👉🏻 *गताअंक से आगे....*

🙏🏻 *चतुर्मास में ताँबे के पात्र में भोजन विशेष रूप से त्याज्य है। काँसे के बर्तनों का त्याग करके मनुष्य अन्य धातुओं के पात्रों का उपयोग करे। अगर कोई धातुपात्रों का भी त्याग करके पलाशपत्र, मदारपत्र या वटपत्र की पत्तल में भोजन करे तो इसका अनुपम फल बताया गया है। अन्य किसी प्रकार का पात्र न मिलने पर मिट्टी का पात्र ही उत्तम है अथवा स्वयं ही पलाश के पत्ते लाकर उनकी पत्तल बनाये और उससे भोजन-पात्र का कार्य ले। पलाश के पत्तों से बनी पत्तल में किया गया भोजन चन्द्रायण व्रत एवं एकादशी व्रत के समान पुण्य प्रदान करने वाला माना गया है।*

🙏🏻 *प्रतिदिन एक समय भोजन करने वाला पुरुष अग्निष्टोम यज्ञ के फल का भागी होता है। पंचगव्य सेवन करने वाले मनुष्य को चन्द्रायण व्रत का फल मिलता है। यदि धीर पुरुष चतुर्मास में नित्य परिमित अन्न का भोजन करता है तो उसके सब पातकों का नाश हो जाता है और वह वैकुण्ठ धाम को पाता है। चतुर्मास में केवल एक ही अन्न का भोजन करने वाला मनुष्य रोगी नहीं होता।*

🙏🏻 *जो मनुष्य चतुर्मास में केवल दूध पीकर अथवा फल खाकर रहता है, उसके सहस्रों पाप तत्काल विलीन हो जाते हैं।*

🙏🏻 *पंद्रह दिन में एक दिन संपूर्ण उपवास करने से शरीर के दोष जल जाते हैं और चौदह दिनों में तैयार हुए भोजन का रस ओज में बदल जाता है। इसलिए एकादशी के उपवास की महिमा है। वैसे तो गृहस्थ को महीने में केवल शुक्लपक्ष की एकादशी रखनी चाहिए, किंतु चतुर्मास की तो दोनों पक्षों की एकादशियाँ रखनी चाहिए।*

🙏🏻 *जो बात करते हुए भोजन करता है, उसके वार्तालाप से अन्न अशुद्ध हो जाता है। वह केवल पाप का भोजन करता है। जो मौन होकर भोजन करता है, वह कभी दुःख में नहीं पड़ता। मौन होकर भोजन करने वाले राक्षस भी स्वर्गलोक में चले गये हैं। यदि पके हुए अन्न में कीड़े-मकोड़े पड़ जायें तो वह अशुद्ध हो जाता है। यदि मानव उस अपवित्र अन्न को खा ले तो वह दोष का भागी होता है। जो नरश्रेष्ठ प्रतिदिन ‘ॐ प्राणाय स्वाहा, ॐ अपानाय स्वाहा, ॐ व्यानाय स्वाहा, ॐ उदानाय स्वाहा, ॐ समानाय स्वाहा’ – इस प्रकार प्राणवायु को पाँच आहुतियाँ देकर मौन हो भोजन करता है, उसके पाँच पातक निश्चय ही नष्ट हो जाते हैं।*

🙏🏻 *चतुर्मास में जैसे भगवान विष्णु आराधनीय हैं, वैसे ही ब्राह्मण भी। भाद्रपद मास आने पर उनकी महापूजा होती है। जो चतुर्मास में भगवान विष्णु के आगे खड़ा होकर ‘पुरुष सूक्त’ का पाठ करता है, उसकी बुद्धि बढ़ती है।*

🙏🏻 *चतुर्मास सब गुणों से युक्त समय है। इसमें धर्मयुक्त श्रद्धा से शुभ कर्मों का अनुष्ठान करना चाहिए।*

🌷 *सत्संगे द्विजभक्तिश्च गुरुदेवाग्नितर्पणम्।*

*गोप्रदानं वेदपाठः सत्क्रिया सत्यभाषणम्।।*

*गोभक्तिर्दानभक्तिश्च सदा धर्मस्य साधनम्।*

🙏🏻 *‘सत्संग, भक्ति, गुरु, देवता और अग्नि का तर्पण, गोदान, वेदपाठ, सत्कर्म, सत्यभाषण, गोभक्ति और दान में प्रीति – ये सब सदा धर्म के साधन हैं।’*

🙏🏻 *देवशयनी एकादशी से देवउठी एकादशी तक उक्त धर्मों का साधन एवं नियम महान फल देने वाला है। चतुर्मास में भगवान नारायण योगनिद्रा में शयन करते हैं, इसलिए चार मास शादी-विवाह और सकाम यज्ञ नहीं होते। ये मास तपस्या करने के हैं।*

🙏🏻 *चतुर्मास में योगाभ्यास करने वाला मनुष्य ब्रह्मपद को प्राप्त होता है। ‘नमो नारायणाय’ का जप करने से सौ गुने फल की प्राप्ति होती है। यदि मनुष्य चतुर्मास में भक्तिपूर्वक योग के अभ्यास में तत्पर न हुआ तो निःसंदेह उसके हाथ से अमृत का कलश गिर गया। जो मनुष्य नियम, व्रत अथवा जप के बिना चौमासा बिताता है वह मूर्ख है।*

🙏🏻 *बुद्धिमान मनुष्य को सदैव मन को संयम में रखने का प्रयत्न करना चाहिए। मन के भलीभाँति वश में होने से ही पूर्णतः ज्ञान की प्राप्ति होती है।*

🌷 *सत्यमेकं परो धर्मः सत्यमेकं परं तपः।*

*सत्यमेकं परं ज्ञानं सत्ये धर्मः प्रतिष्ठितः।।*

*धर्ममूलमहिंसा च मनसा तां च चिन्तयन्।*

*कर्मणा च तथा वाचा तत एतां समाचरेत्।।*

🙏🏻 *‘एकमात्र सत्य ही परम धर्म है। एक सत्य ही परम तप है। केवल सत्य ही परम ज्ञान है और सत्य में ही धर्म की प्रतिष्ठा है। अहिंसा धर्म का मूल है। इसलिए उस अहिंसा को मन, वाणी और क्रिया के द्वारा आचरण में लाना चाहिए।’*

🌷 *(स्कं. पु. ब्रा. 2.18-19)* 🌷

➡ *शेष  कल........*

🌷 *(पद्म पुराण के उत्तर खंड, स्कंद पुराण के ब्राह्म खंड एवं नागर खंड उत्तरार्ध से संकलित)*

🙏🏻 *स्रोतः ऋषि प्रसाद, जुलाई 2004, अंक 139, पृष्ठ संख्या 14, 15, 16*


        🌞 *~ वैदिक पंचांग ~* 🌞


🙏🏻🌷🍀🌼🌹🌻🌸🌺💐🙏🏻


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आज का राशिफल

🐐🐂💏💮🐅👩

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मेष🐐 (चू, चे, चो, ला, ली, लू, ले, लो, अ)

आज आप प्रातः काल से ही यात्रा की योजना बनाएंगे परन्तु अंतिम समय में किसी कार्य के आने से विघ्न आ सकते है। मन इच्छित कार्य ना होने से दिन भर क्षुब्ध रहेंगे। घर एव बाहर आपका व्यवहार विपरीत रहने के कारण विवाद हो सकता है। आज आप अपने आगे किसी की नहीं चलने देंगे। सहकर्मी आपसे परेशान रह सकते है परन्तु जाहिर नहीं करेंगे। लोगो की भावनाओं को ध्यान में रख व्यवहार करें शांति बनी रहेगी। आज किसी गुप्त रोग होने से नई परेशानी खड़ी हो सकती है। धन सम्बंधित मामलो को लेकर चिंता बढ़ेगी। गृहस्थ जीवन में नीरसता बढ़ने से बाहर का।वातावरण ज्यादा पसंद आएगा।


वृष🐂 (ई, ऊ, ए, ओ, वा, वी, वू, वे, वो)

आज के दिन लाभ की संभावनाएं बनते बनते बिगड़ सकती है आलस्य की प्रवृति इसका कारण बनेगी। परन्तु फिर भी कार्य क्षेत्र पर सम्मानजनक स्थित बनी रहेगी। प्रतिस्पर्धी भी आपकी कार्य शैली से प्रभावित रहेंगे। जिस कार्य में हाथ डालेंगे सफलता सुनिश्चित रहेगी लेकिन धन लाभ को लेकर स्थिति गंभीर रहेगी धन सम्बंधित कार्यो के प्रति लापरवाह भी रहेंगे जिसका लाभ कोई अन्य व्यक्ति उठा सकता है। सेहत भी लगभग सामान्य बनी रहेगी परन्तु फिर भीं कार्यो के प्रति अधिक गंभीर नहीं रहेंगे। पारिवारिक वातावरण बीच बीच में उग्र बन सकता है। शांति बनाए रखें।


मिथुन👫 (का, की, कू, घ, ङ, छ, के, को, हा)

आज भी दिन का अधिकांश समय आपकी आशाओं के विपरीत रहने वाला है। घर बाहर विरोध का सामना करना पड़ सकता है। लोग आपकी बातों में नुक्स निकालने के लिए आतुर रहेंगे। परिजनों का रूखा व्यवहार मानसिक रूप से आहत करेगा। सरकारी नतीजे भी विपक्ष में होंगे। प्रतिस्पर्धी आपकी दशा देखकर प्रसन्न रहेंगे परन्तु आज के दिन धैर्य धारण करें शीघ्र ही समय अनुकूल बनेगा। धार्मिक एवं सामाजिक कार्यो में सम्मिलित होने के अवसर मिलेंगे लेकिन बेमन से भाग लेंगे। घर में किसी बाहरी व्यक्ति की दखल होने से वातावरण अशान्त रहेगा। धन सम्बंधित व्यवहार देखभाल कर करें।


कर्क🦀 (ही, हू, हे, हो, डा, डी, डू, डे, डो)

आज के दिन व्यवस्थाओं में सुधार आने से आय की संभावनाएं बढ़ेंगी। व्यवहार में भी शालीनता रहने से सभी लोग आपसे प्रसन्न रहेंगे। आज आप कार्यो को आत्मविश्वास से करेंगे जिससे सफलता निश्चित रहेगी परन्तु ध्यान रहे अतिआत्मविश्वास के कारण हास्य के पात्र भी बन सकते है। परिवार की महिलाओं का व्यवहार थोड़ा असमंजस में डाल सकता है फिर भी स्थित नियंत्रण में ही रहेगी। स्वास्थ्य बेहतर बना रहेगा। दिन भर व्यस्तता के बाद भी आप मानसिक रूप से प्रसन्न रहेंगे। कार्य क्षेत्र पर अधिक बोलने से अवश्य बचे मान हानि हो सकती है।


सिंह🦁 (मा, मी, मू, मे, मो, टा, टी, टू, टे)

आज प्रातः काल में किसी आवश्यक कार्य में विलम्ब होने अथवा बिगड़ने के कारण दिन भर क्रोध से भरे रहेंगे फिर भी व्यवहार में नरमी रखें अन्यथा अन्य लाभों से भी हाथ धो बैठेंगे। परिवार के बुजुर्गो की सलाह आज बहुत काम आने वाली है इसलिए सम्बन्ध ना बिगड़े इसका ध्यान रखें। नौकरी पेशा जातक सामान्य रूप से कार्यो में सक्रिय रहेंगे दफ्तर के कार्य से यात्रा करनी पड़ सकती है। संध्या के समय आलस्य थकान रहने से एकान्त वास पसंद करेंगे। परिजन कुछ मतभेद के बाद भी सहयोग को तत्पर रहेंगे। धन आगम मध्यम रहेगा। ठंडी वस्तुओ का प्रयोग ना करें। 


कन्या👩 (टो, पा, पी, पू, ष, ण, ठ, पे, पो)

आज आपके सोचे कार्य प्रारंभिक गतिरोध के बाद सफल बंनेगे। व्यवसायी लोग उचित निर्णय क्षमता का लाभ अवश्य पाएंगे। नौकरी वाले जातक भी अधिकारियों के नरम व्यवहार का लाभ उठा सकते है। महिलाएं आज प्रत्येक क्षेत्र में अधिक सक्रिय एवं सफल रहेंगी। सामाजिक आयोजनों में भागीदारी की पहल करना सम्मान बढ़ायेगा। बेरोजगारों को रोजगार एवं अविवाहितो के लिए रिश्ते की बात बनने की अधिक सम्भावना है हार ना मान प्रयास जारी रखें। धन लाभ आंशिक परंतु तुरंत होगा। दाम्पत्य में थोड़े उतार-चढ़ाव के साथ शांति बनी रहेगी। सेहत सामान्य रहेगी।


तुला⚖️ (रा, री, रू, रे, रो, ता, ती, तू, ते)

आपकी आज की दिनचर्या भी संघर्ष वाली रहेगी। परिश्रम अधिक करने पर भी अल्प लाभ होने से मन दुःख होगा। सरकारी कार्यो में भी किसी की सहायता की आवश्यकता पड़ेगी। उधार लिया धन अथवा अन्य वस्तु आज वापस करना लाभदायक रहेगा। फिर भी घर के सदस्य आपसी सम्बन्धो को अधिक महत्त्व देंगे रिश्तों में भावुकता अधिक रहेगी। नौकरी पेशा जातक व्यवहार शून्यता के कारण अपमानित हो सकते है सतर्क रहें। धन लाभ आशा के विपरीत रहने से कार्यो में बाधा आएगी। खर्च बराबर रहेंगे। शेयर सम्बंधित कार्यो में धन अटक सकता है। घर में मौन रहें।


वृश्चिक🦂 (तो, ना, नी, नू, ने, नो, या, यी, यू)

आज भी दिन आपकी अपेक्षाओं पर खरा उतरेगा परन्तु आकस्मिक खर्च आज अधिक रहने से परेशानी भी होगी। व्यापारी एवं नौकरी पेशा वर्ग आज अधूरे कार्य पूर्ण करने के कारण जल्दी जुट जाएंगे। लाभ की संभावना भी यथावत बनी रहेगी धन लाभ थोड़े थोड़े अंतराल पर होता रहेगा। अनैतिक कार्यो से भी लाभ होने की संभावना है परंतु सावधानी भी अपेक्षित है। धार्मिक कार्य क्रमो के प्रसंग अचानक बनेंगे धार्मिक क्षेत्र की यात्रा भी कर सकते है। स्त्री वर्ग आज आप पर हावी रहेंगी फिर भी असहजता नहीं मानेंगे। घर में शांति बनी रहेगी।


धनु🏹 (ये, यो, भा, भी, भू, ध, फा, ढा, भे)

आपका आज का दिन शुभ फलदायी रहेगा। व्यवसायिक एवं पारिवारिक उलझने कम होने से आज आपकी योजना सफल बनेगी। परिजनों का व्यवहार भी आपके अनुकूल रहेगा सहयोग की उम्मीद भी रख सकते है। लेकिन आज यथार्थ पर ज्यादा ध्यान रखें स्वप्न लोक की सैर ना करें। कार्य व्यवसाय स्थल पर लोगो की सहानुभूति मिलेगी। धन लाभ आशानुकूल नहीं फिर भी कार्य चलने लायक अवश्य होगा। प्रेम प्रसंगों में कई दिन से चल रही कड़वाहट ख़त्म होगी। कार्यो की थकान मिटाने के लिए मनोरंजन के अवसर तलाशेंगे इन पर खर्च भी करेंगे।


मकर🐊 (भो, जा, जी, खी, खू, खा, खो, गा, गी)

आज भी परिस्थितियों में उतार चढ़ाव लगा रहेगा इसलिए प्रत्येक कार्य को देख भाल कर ही करें। स्वभाव में जल्दबाजी रहने के कारण आपके कुछ निर्णय गलत साबित हो सकते है फिर भी प्रयास जारी रखें आशानुकूल ना सही कुछ लाभ अवश्य होगा। खर्च पर नियंत्रण ना रहने से आय व्यय का संतुलन बिगड़ सकता है संताने आज अधिक जिद्दी व्यवहार करेंगी गुस्सा ना करें। पूर्व नियोजित नए कार्य एवं धन सम्बंधित सरकारी कार्य आज ना करें। मध्यान के आस-पास सेहत प्रतिकूल बनेगी पेट अथवा वायु सम्बंधित व्याधि एवं शक्ति हीनता अनुभव कर सकते है। परिवार में शांति रखने के लिए आवश्यकताओ की पूर्ति समय पर करें।


कुंभ🍯 (गू, गे, गो, सा, सी, सू, से, सो, दा)

आपका आज का दिन अत्यन्त थकान वाला रहेगा। कार्य की भरमार रहने से शारीरिक एवं मानसिक रूप से परेशान रह सकते है। कार्य क्षेत्र से आज आशा के अनुसार लाभ होने की संभावना भीं है। आकस्मिक यात्रा की भी सम्भवना बनी रहेगी। दिनचर्या में कई बदलाव करने पड़ेंगे। आपकी सामाजिक छवि निखरेगी। संध्या के समय धन लाभ अवश्य होगा। परिजनों को आज आपकी आवश्यकता पड़ेगी परन्तु घरेलु कार्यो में टालमटोल ना करें अन्यथा वातावरण ख़राब हो सकता है। संध्या के समय उत्तम भोजन सुख मिलेगा। गृहस्थ सुख आज सामान्य से कम ही रहेगा।


मीन🐳 (दी, दू, थ, झ, ञ, दे, दो, चा, ची)

आज आपका पारिवारिक जीवन उत्तम रहेगा व्यवसाय में भी आकस्मिक लाभ होने से उत्साहित रहेंगे। पारिवारिकजन किसी महत्त्वपूर्ण कार्य को लेकर इकट्ठे होंगे फिर भी आगे से अपनी राय ना देकर मौन होकर अन्य लोगो की बात सुने शांति बनी रहेगी। कार्य क्षेत्र का वातावरण इसके उलट रहेगा वर्चस्व को लेकर किसी से तू-तू मैं-मै होने की संभावना है परंतु फिर भी धन के दृष्टिकोण से दिन लाभदायक रहेगा। उधारी की वसूली होने से आर्थिक स्थिति सुदृढ़ बनेगी परिवार में खर्च भी लगे रहेंगे। भविष्य की योजनाओं पर भी धन खर्च कर सकते है।

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दिनांक:-13जुलाई:-2024

"जय श्री बालाजी की"🙏

🕉️जरुरी नहीं कि काम से ही इन्सान थक जाये ,कुछ ख्यालो का बोझ भी इन्सान को थका देता है।

दिनांक:-13जुलाई:-2024

वार:-शनिवार

तिथि :-07सप्तमी:-15:05

पक्ष:-शुक्लपक्ष

माह:-आषाढ 

नक्षत्र:-हस्त:-19:14

योग:-शिव (अहोरात्र)

करण:-वणिज:-15:05

चन्द्रमा:-कन्या 

सुर्योदय:-05:45

सुर्यास्त:-19:19

दिशा शुल.....पूर्व

निवारण उपाय:-उङद का सेवन

ऋतु :- वर्षा ऋतु 

गुलिक काल:-05:51से 07:31

राहू काल:-09:12से10:52

अभीजित....12:06से12:59

विक्रम सम्वंत  .........2081

शक सम्वंत ............1946

युगाब्द ..................5126

सम्वंत सर नाम:-कालयुक्त 

         चोघङिया दिन

शुभ:-07:31से09:12तक

चंचल:-12:33से14:13तक

लाभ:-14:13से15:54तक

अमृत:-15:54से17:34तक

      चोघङिया रात

लाभ:-19:15से20:34तक

शुभ:-21:54से23:13तक

अमृत:-23:13से00:33तक

चंचल:-00:33से01:52तक

लाभ:-04:32से05:51तक

चोघङिया का समय  सूर्योदय के अनुसार है|

   🌸आज के विशेष योग🌸

 वर्ष का 96वा दिन,भद्रा 15:05 से 28:19,यमघण्टयोग मृत्युयोग सूर्योदय से 19:14, सूर्यपूजा, 

      🌺👉टिप्स 👈🌺

   ईशान कोण मे सीढ़ीयां ना बनवाएं व्यक्ति के जीवन में बाधा आती है।

   👏🌞सुप्रभात मित्रो🌞👏

 यज्जाग्रतो दूरमुदैति दैवंतदु सुप्तस्य तथैवैति। दूरङ्गमं ज्योतिषां ज्योतिरेकंतन्मे मनः शिवसंकल्पमस्तु।।

जय श्री बालाजी की🙏

जय श्री मोहन दास बाबा की🙏

जय श्री कानी दादी की🙏

🙏रोट्या क देवाल्ल की जय🙏

🙏विश्व सम्राट श्री सालासर दरबार की जय हो🙏

🙏 श्री रामधाम दरबार की जय हो 🙏

 🙏🛕🔔 *ॐ हनुमते नमः* 🔔🛕🙏

     🚩 *श्रीमद्वाल्मीकीय रामायण से*🚩

                     ( सुन्दर काण्ड )


*🕉️1. इस प्रकार शत्रु के वेग का विचार कर उसके प्रतिकार के लिए अपने कर्तव्य का निश्चय करके महान बल और पराक्रम से संपन्न हनुमानजी ने उस समय अपना वेग बढ़ाया और उस शत्रु को मार डालने का विचार किया। तत्पश्चात आकाश में विचरते हुए वीरवानर पवनकुमार ने थप्पड़ों की मार से अक्षकुमार के उन आठों उत्तम और विशाल घोड़ों को, जो भार वहन करने में समर्थ और नाना प्रकार के पैंतरे बदलने की कला में सुशिक्षित थे, यमलोक पहुंचा दिया।* 

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*🕉️2. तदनंतर वानरराज सुग्रीव के मंत्री हनुमानजी ने अक्षकुमार के उस विशाल रथ को भी अभिभूत कर दिया। उन्होंने हाथ से ही पीट कर रथ की बैठक तोड़ डाली और उसके हरसे को उलट दिया। घोड़े तो पहले ही मर चुके थे, अतः वह महान रथ आकाश से पृथ्वी पर गिर पड़ा।*

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*🕉️3. उस समय महारथी अक्षकुमार धनुष और तलवार ले रथ छोड़कर अंतरिक्ष में ही उड़ने लगा, ठीक वैसे ही जैसे कोई उग्रशक्ति से संपन्न महर्षि योगमार्ग से शरीर त्याग कर स्वर्गलोक की ओर चला जा रहा हो। तब वायु के समान वेग और पराक्रम वाले कपिवर हनुमानजी ने पक्षीराज गरुड़, वायु तथा सिद्धों से सेवित व्योममार्ग में विचरते हुए उस राक्षस के पास पहुंचकर क्रमशः उसके दोनों पैर दृढ़तापूर्वक पकड़ लिए।*

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*🕉️4. फिर तो अपने पिता वायुदेवता के तुल्य पराक्रमी वानरशिरोमणि हनुमान ने जिस प्रकार गरुड़ बड़े-बड़े सर्पों को घुमाते हैं, उसी तरह उसे हजारों बार घुमाकर बड़े वेग से उस युद्ध-भूमि में पटक दिया। नीचे गिरते ही उसकी भुजा, जांघ, कमर और छाती के टुकड़े-टुकड़े हो गए, खून की धारा बहने लगी, शरीर की हड्डियां चूर-चूर हो गईं, आंखें बाहर निकल आईं, अस्थियों के जोड़ टूट गए और नस-नाड़ियों के बंधन शिथिल हो गए। इस तरह वह राक्षस पवनकुमार हनुमानजी के हाथ से मारा गया।*

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*🕉️5. युद्ध में इंद्रपुत्र जयंत के समान पराक्रमी और लाल लाल आंखों वाले अक्षकुमार का काम तमाम करके वीरवर हनुमानजी प्रजा के संहार के लिए उद्यत हुए काल की भांति पुनः युद्ध की प्रतीक्षा करते हुए वाटिका के उसी द्वार पर जा पहुंचे।*

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*🌹धर्म की जय हो - अधर्म का नाश हो।🌹जय जय श्रीराम - जय हनुमान 🌹*

*🌹 श्री रामधाम सेवा संघ 62/101 सेक्टर प्रताप नगर सांगानेर जयपुर*

*🔅🔆🚩चिंतन प्रवाह🚩🔆🔅*


        _*बुराई मनुष्य के बुरे कर्मों की नहीं, वरन् बुरे विचारों की देन होती है। इसलिए वह एक बार में ही समाप्त नहीं हो जाती, बल्कि स्वभाव और संस्कार का अंग बन जाती है।  ऐसी स्थिति में बुराई भी भलाई जान पड़ने लगती है।  इसलिए बुरे कामों से बचने के लिए सर्वप्रथम बुरे विचारों से बचना चाहिए। दुष्कर्म का फल तुरन्त भोगकर उसे शान्त किया जा सकता है, पर संस्कार बहुत काल तक नष्ट नहीं होते। वे जन्म-जन्मांतरों तक साथ-साथ चलते और कष्ट देते हैं।*_


🙏🌹🙏🌹🙏🌹🙏🌹🙏

             *🕉️शुभ प्रभात🕉️*

 *🙏मंगलमय दिवस की शुभकामनाएं🙏*

*🌹🙏 

*राम राम जी*🌹🙏❄️🦚

*दिनांक -12 जुलाई 2024*

 🙏🏻 हर हर महादेव🙏🏻

🌞 *~ वैदिक पंचांग ~* 🌞

🌤️  *दिनांक -12 जुलाई 2024*



🌤️ *दिन - शुक्रवार*

🌤️ *विक्रम संवत - 2081 (गुजरात-महाराष्ट्र अनुसार  2080)*

🌤️ *शक संवत -1946*

🌤️ *अयन - दक्षिणायन*

🌤️ *ऋतु - वर्षा ॠतु* 

🌤️ *मास - आषाढ*

🌤️ *पक्ष - शुक्ल* 

🌤️ *तिथि - षष्ठी दोपहर 12:32 तक तत्पश्चात सप्तमी*

🌤️ *नक्षत्र - उत्तराफाल्गुनी शाम 04:09 तक तत्पश्चात हस्त*

🌤️ *योग - परिघ 13 जुलाई प्रातः 05:15 तक तत्पश्चात शिव*

🌤️ *राहुकाल - सुबह 11:04 से दोपहर 12:44 तक*

🌞 *सूर्योदय-06:05*

🌤️ *सूर्यास्त- 19:22*

👉 *दिशाशूल - पश्चिम दिशा मे*

🚩 *व्रत पर्व विवरण- विवस्वत सप्तमी*

💥 *विशेष - षष्ठी को नीम की पत्ती, फल या दातुन मुँह में डालने से नीच योनियों की प्राप्ति होती है। (ब्रह्मवैवर्त पुराण, ब्रह्म खंडः 27.29-34)*

          🌞 *~ वैदिक पंचांग ~* 🌞रोग से मुक्ति पाने के लिए आप प्रतिदिन सुबह सूर्य निकलने से पहले उठें, स्नान करके भगवान सूर्य को अर्घ्य दें, भगवान शिव को जल अर्पित करें, महामृत्युजंय मंत्र का 108 बार जाप करें.

बीमारियों से छुटकारा पाने के लिए घर में नमक के पानी का पोछा लगाएं । इससे घर की नकारात्मकता दूर होती है और सकारात्मक ऊर्जा आती है। कई बार घर में बीमारियां आती-जाती रहती हैं।


🌷 *चातुर्मास्य व्रत की महिमा* 🌷


➡ *17 जुलाई 2024 बुधवार से चातुर्मास प्रारंभ।*

🙏🏻 *आषाढ़ के शुक्ल पक्ष में एकादशी के दिन उपवास करके मनुष्य भक्तिपूर्वक चातुर्मास्य व्रत प्रारंभ करे। एक हजार अश्वमेघ यज्ञ करके मनुष्य जिस फल को पाता है, वही चातुर्मास्य व्रत के अनुष्ठान से प्राप्त कर लेता है।*

🙏🏻 *इन चार महीनों में ब्रह्मचर्य का पालन, त्याग, पत्तल पर भोजन, उपवास, मौन, जप, ध्यान, स्नान, दान, पुण्य आदि विशेष लाभप्रद होते हैं।*

🙏🏻 *व्रतों में सबसे उत्तम व्रत है – ब्रह्मचर्य का पालन। ब्रह्मचर्य तपस्या का सार है और महान फल देने वाला है। ब्रह्मचर्य से बढ़कर धर्म का उत्तम साधन दूसरा नहीं है। विशेषतः चतुर्मास में यह व्रत संसार में अधिक गुणकारक है।*

🙏🏻 *मनुष्य सदा प्रिय वस्तु की इच्छा करता है। जो चतुर्मास में अपने प्रिय भोगों का श्रद्धा एवं प्रयत्नपूर्वक त्याग करता है, उसकी त्यागी हुई वे वस्तुएँ उसे अक्षय रूप में प्राप्त होती हैं। चतुर्मास में गुड़ का त्याग करने से मनुष्य को मधुरता की प्राप्ति होती है। ताम्बूल का त्याग करने से मनुष्य भोग-सामग्री से सम्पन्न होता है और उसका कंठ सुरीला होता है। दही छोड़ने वाले मनुष्य को गोलोक मिलता है। नमक छोड़ने वाले के सभी पूर्तकर्म (परोपकार एवं धर्म सम्बन्धी कार्य) सफल होते हैं। जो मौनव्रत धारण करता है उसकी आज्ञा का कोई उल्लंघन नहीं करता।*

🙏🏻 *चतुर्मास में काले एवं नीले रंग के वस्त्र त्याग देने चाहिए। नीले वस्त्र को देखने से जो दोष लगता है उसकी शुद्धि भगवान सूर्यनारायण के दर्शन से होती है। कुसुम्भ (लाल) रंग व केसर का भी त्याग कर देना चाहिए।*

🙏🏻 *आषाढ़ मास के शुक्ल पक्ष की एकादशी को श्रीहरि के योगनिद्रा में प्रवृत्त हो जाने पर मनुष्य चार मास अर्थात् कार्तिक की पूर्णिमा तक भूमि पर शयन करें । ऐसा करने वाला मनुष्य बहुत से धन से युक्त होता और विमान प्राप्त करता है, बिना माँगे स्वतः प्राप्त हुए अन्न का भोजन करने से बावली और कुआँ बनवाने का फल प्राप्त होता है। जो भगवान जनार्दन के शयन करने पर शहद का सेवन करता है, उसे महान पाप लगता है। चतुर्मास में अनार, नींबू, नारियल तथा मिर्च, उड़द और चने का भी त्याग करें । जो प्राणियों की हिंसा त्याग कर द्रोह छोड़ देता है, वह भी पूर्वोक्त पुण्य का भागी होता है।*

🙏🏻 *चातुर्मास्य में परनिंदा का विशेष रूप से त्याग करें । परनिंदा को सुनने वाला भी पापी होता है।*

*परनिंदा महापापं परनिंदा महाभयं।*

*परनिंदा महद् दुःखं न तस्याः पातकं परम्।।*

🙏🏻 *‘परनिंदा महान पाप है, परनिंदा महान भय है, परनिंदा महान दुःख है और पर निंदा से बढ़कर दूसरा कोई पातक नहीं है।’*

🌷 *(स्कं. पु. ब्रा. चा. मा. 4.25)* 🌷

➡ *शेष  कल........*

🌷 *(पद्म पुराण के उत्तर खंड, स्कंद पुराण के ब्राह्म खंड एवं नागर खंड उत्तरार्ध से संकलित)*

🙏🏻 



        🌞 *~ वैदिक पंचांग ~* 🌞

पंचक 


जुलाई 23 जुलाई, मंगलवार 9:19 पूर्वाह्न 27 जुलाई, शनिवार 12:59 अपराह्न 


 एकादशी


17 जुलाई 2024- देवशयनी एकादशी



 प्रदोष



18 जुलाई  2024 गुरुवार, गुरु प्रदोष व्रत  (शुक्ल)


 

🙏🏻🌷🍀🌼🌹🌻🌸🌺💐🙏🏻 जिनका आज जन्मदिन है उनको हार्दिक शुभकामनाएं बधाई और शुभ आशीष


दिनांक 12 को जन्मे व्यक्तियों का अंक ज्योतिष के अनुसार मूलांक तीन आता है। यह बृहस्पति का प्रतिनिधि अंक है। आप दार्शनिक स्वभाव के होने के बावजूद एक विशेष प्रकार की स्फूर्ति रखते हैं। आपकी शिक्षा के क्षेत्र में पकड़ मजबूत होगी। आप एक सामाजिक प्राणी हैं।


आप सदैव परिपूर्णता या कहें कि परफेक्शन की तलाश में रहते हैं यही वजह है कि अकसर अव्यवस्थाओं के कारण तनाव में रहते हैं। ऐसे व्यक्ति निष्कपट, दयालु एवं उच्च तार्किक क्षमता वाले होते हैं। अनुशासनप्रिय होने के कारण कभी-कभी आप तानाशाह भी बन जाते हैं।


 

शुभ दिनांक : 3, 12, 21, 30

 

शुभ अंक : 1, 3, 6, 7, 9


 

शुभ वर्ष : 2028, 2030, 2031, 2034, 2043, 2049, 2052

 

ईष्टदेव : देवी सरस्वती, देवगुरु बृहस्पति, भगवान विष्णु


 

शुभ रंग : पीला, सुनहरा और गुलाबी

 

कैसा रहेगा यह वर्ष

घर या परिवार में शुभ कार्य होंगे। यह वर्ष आपके लिए अत्यंत सुखद है। नवीन व्यापार की योजना भी बन सकती है। दांपत्य जीवन में सुखद स्थिति रहेगी। किसी विशेष परीक्षा में सफलता मिल सकती है। नौकरीपेशा के लिए प्रतिभा के बल पर उत्तम सफलता का है। मित्र वर्ग का सहयोग सुखद रहेगा। शत्रु वर्ग प्रभावहीन होंगे। महत्वपूर्ण कार्य से यात्रा के योग भी है।



मेष दैनिक राशिफल (Aries Daily Horoscope)

मेष राशि के जातकों के लिए दिन सोच समझकर कामों को करने के लिए रहेगा। आपको अपने मित्रों का पूरा सहयोग मिलेगा। विद्यार्थियों को अपने कामों में ढील नहीं देनी है, नहीं तो इसका असर उनकी पढ़ाई पर पड़ेगा। यदि आपने अपने किसी परिजन को धन उधार दिया था, तो वह आपको वापस मिल सकता है, लेकिन आपके रिश्तों में कुछ खटास पैदा हो सकती है। आपको कोई शारीरिक कष्ट होने की संभावना है।


वृषभ दैनिक राशिफल (Taurus Daily Horoscope)

वृषभ राशि के जातकों के लिए दिन व्यस्तताओं से भरा रहने वाला है। आपको कोई काम यदि लंबे समय से विवादित चल रहा था, तो वह भी दूर होगा। आप अपने आर्थिक स्थिति को लेकर कोई महत्वपूर्ण कदम उठा सकते हैं और आपकी इनकम के सोर्स भी बढ़ेंगे। भाग्य का आपको पूरा साथ मिलेगा। आपको किसी पैतृक संपत्ति के भी मिलने की पूरी संभावना है। आप अपने पारिवारिक समस्याओं को लेकर अपने किसी मित्र से बातचीत कर सकते हैं। परिवार में किसी सदस्य के विवाह की बात पक्की हो सकती है।


मिथुन दैनिक राशिफल (Gemini Daily Horoscope)

मिथुन राशि के जातकों के लिए दिन मेहनत भरा रहेगा। आप व्यवसाय में किसी बड़ी डील को फाइनल करेंगे। आपका कोई लंबे समय से रुका हुआ काम पूरा होगा। यदि आपको कोई शारीरिक कष्ट चल रहा था, तो वह भी दूर होता दिख रहा है। संतान को किसी नई नौकरी के मिलने से माहौल खुशनुमा रहेगा। विदेशों से व्यापार की योजना बना रहे लोगों की इच्छाएं पूरी हो सकती है। आपको कोई सरकारी योजना में धन लगाना बेहतर रहेगा।


कर्क दैनिक राशिफल (Cancer Daily Horoscope)

कर्क राशि के जातकों के लिए दिन तरक्की दिलाने वाला रहेगा। आप उन्नति की राह पर आगे बढ़ेंगे और सामाजिक क्षेत्रों में कार्यरत लोगों को उनके कामों से एक नई पहचान मिलेगी। आपकी पद व प्रतिष्ठा में वृद्धि होती दिख रही है। आप अपने कामों को लेकर सावधान रहें और यदि आपका कोई लेनदेन लंबे समय से विवादित चल रहा था, तो वह भी दूर होता दिख रहा है। आपको अपने पिताजी की कोई बात बुरी लग सकती है।


सिंह दैनिक राशिफल (Leo Daily Horoscope)

सिंह राशि के जातकों की पद प्रतिष्ठा बढ़ेगी। आपको किसी नई नौकरी की प्राप्ति हो सकती है। आप अपने बिजनेस की बातों को किसी अजनबी के सामने उजागर न करें। यदि आपने किसी से बिजनेस के कामों को लेकर किसी से धन उधार लेने का सोचा है, तो वह भी आप आसानी से ले सकते हैं। आपको कोई काम लंबे समय से अटका हुआ था, तो उसके पूरे होने की संभावना है। आप किसी के कहने में आकर कार्यक्षेत्र में किसी लड़ाई झगड़े में ना पड़ें।

 


कन्या दैनिक राशिफल (Virgo Daily Horoscope)

कन्या राशि के जातकों के लिए दिन आपके लिए मौज मस्ती से भरा रहने वाला है। आप किसी से बिना मांगे कोई सलाह लेंगे, तो वह आपके लिए नुकसानदायक रहेगी। आपकी कोई पुरानी गलती कार्यक्षेत्र में अधिकारियों के सामने आ सकती है, जो आपको परेशान करेंगे। यदि आपने किसी से कोई वादा किया है, तो आप उसे समय रहते पूरा करें और आपको अपने परिवार के सदस्यों के लिए भी समय निकालना होगा। आपका कुछ वाद विवाद में फंसे रहने के कारण मन परेशान रहेगा।


तुला दैनिक राशिफल (Libra Daily Horoscope)

तुला राशि के जातकों के लिए दिन कार्यक्षेत्र में अच्छा रहने वाला है। आज आपके अधिकारों में वृद्धि होगी। आपके प्रमोशन मिलने से आपके कुछ साथी नाराज हो सकते हैं। आपको अपने माता-पिता की सेवा के लिए भी कुछ समय निकालना होगा और किसी प्रॉपर्टी में निवेश करने से पहले आपको उस पर पूरी निगरानी करनी होगी। यदि आपने किसी को धन उधार दिया था, तो आपके उस धन के वापस आने की संभावना भी बहुत कम है। 


वृश्चिक दैनिक राशिफल (Scorpio Daily Horoscope)

वृश्चिक राशि के जातकों के लिए आज का दिन समस्याओं से भरा रहने वाला है। आपके सामने कुछ अनचाहे खर्च आएंगे, जो आपको मजबूरी में ना चाहते हुए भी करने पड़ेंगे। आपके विरोधी आपकी छवि को नुकसान पहुंचाने की कोशिश करेंगे। नौकरी में आपके ऊपर काम का दावा अधिक रहने के कारण आप थोड़ा परेशान रहेंगे। आप जीवनसाथी के साथ कंधे से कंधा मिलाकर चलेंगे, जिससे आपको काफी सारी समस्याओं से मुक्ति मिलेगी।


धनु दैनिक राशिफल (Sagittarius Daily Horoscope)

धनु राशि के जातकों के लिए आज का दिन धन-धान्य में वृद्धि लेकर आने वाला है। वाद विवाद से आपको छुटकारा मिलेगा और आप आप किसी को बिना मांगे सलाह देने से बचें। यदि आप किसी प्रॉपर्टी की खरीदारी करें, तो उसमें चल अचल पहलुओं को अच्छी तरह से जांच पड़ताल कर लें। आपकी कोई बिजनेस की डील फाइनल हो सकती है। ससुराल पक्ष के किसी व्यक्ति से आप कोई भी ऐसी बात ना बोले, जिससे आपकी कहासुनी हो।


मकर दैनिक राशिफल (Capricorn Daily Horoscope)

मकर राशि के जातकों के लिए आज का दिन खर्चों से भरा रहने वाला है। आप अपनी आय से ज्यादा व्यय करेंगे, जो बाद में आपके लिए समस्या बन सकता है, इसलिए आप अपनी आय और व्यय संतुलन बनाकर चलें, तो आपके लिए बेहतर रहेगा। यदि आपने किसी को धन उधार दिया, तो आपके उस धन के वापस आने की संभावना बहुत कम है। आप किसी प्रॉपर्टी आदि की खरीदारी कर सकते हैं। आप अपने घर किसी मनचाहे वाहन को भी लेकर आ सकते हैं।


कुंभ दैनिक राशिफल (Aquarius Daily Horoscope)

कुंभ राशि के जातकों के लिए आज का दिन अच्छा रहने वाला है। आपको अपने विरोधियों से सतर्क रहना होगा, तभी आप अपने बिजनेस में अच्छा लाभ कमा पाएंगे। आप उन्नति के राह पर आगे बढ़ेंगे। आपको किसी पुराने मित्र से मिलकर खुशी होगी। आप अपने खर्चों पर नियंत्रण बनाकर रखे, नहीं तो समस्याएं बढ़ सकती हैं। आप किसी धार्मिक आयोजन में सम्मिलित हो सकते हैं। बच्चों के साथ आप कुछ समय मौज मस्ती करने में व्यतीत करेंगे।


 


मीन दैनिक राशिफल (Pisces Daily Horoscope) 

मीन राशि के जातकों के लिए आज का दिन मान सम्मान में वृद्धि लेकर आने वाला है। आपको किसी नए पद की प्राप्ति होने से आपकी खुशी का ठिकाना नहीं रहेगा और कार्यक्षेत्र में आपको अपने जूनियर की कुछ गलतियों को नजरअंदाज करना होगा, तभी आप लोगों से अपने काम निकलवा पाएंगे। आप किसी पारिवारिक समस्या को लेकर यदि परेशान थे, तो वह भी दूर होगी। प्रेम जीवन जी रहे लोगों को सामंजस्य बनाए रखने की आवश्यकता है



Wednesday, July 10, 2024

10 July 2024. 🕉️ *~ वैदिक पंचांग ~* 🕉️ 🌤️ *दिनांक -10 जुलाई 2024*

 🕉️ *~ वैदिक पंचांग ~* 🕉️

🌤️ *दिनांक -10 जुलाई 2024*



🌤️ *दिन - बुधवार*

🌤️ *विक्रम संवत - 2081 (गुजरात-महाराष्ट्र अनुसार  2080)*

🌤️ *शक संवत - 1946*

🌤️ *अयन - दक्षिणायन*

🌤️ *ऋतु - वर्षा ऋतु* 

🌤️ *मास - आषाढ*

🌤️ *पक्ष - शुक्ल* 

🌤️ *तिथि - चतुर्थी सुबह 07:51 तक तत्पश्चात पंचमी*

🌤️ *नक्षत्र - मघा सुबह 10:15 तक तत्पश्चात पूर्वाफाल्गुनी*

🌤️ *योग - व्यतीपात 11 जुलाई रात्रि 03:10 तक तत्पश्चात वरीयान*

🌤️ *राहुकाल - दोपहर 12:44 से दोपहर 02:24 तक*

🌞 *सूर्योदय - 06:05*

🌤️ *सूर्यास्त - 19:23*

👉 *दिशाशूल - उत्तर दिशा मे*

🚩 *व्रत पर्व विवरण-*

💥 *विशेष - चतुर्थी को मूली खाने से धन का नाश होता है। (ब्रह्मवैवर्त पुराण, ब्रह्म खंडः 27.29-34)*

          🕉️ *~ वैदिक पंचांग ~* 🕉️


🌷 *लक्ष्मी प्राप्ति में सावधानी* 🌷

💐 *फूलों को पैरो तले नहीं आने देना चाहिए, अन्यथा लक्ष्मीजी नाराज़ हो जाती हैं l*

🙏🏻 *पूज्य बापूजी*

        🕉️ ~ *वैदिक पंचांग* ~ 🕉️


🌷 *वास्तु शास्त्र* 🌷

🏡 *अभी गुप्त नवरात्रि का पर्व चल रहा है। इस दौरान देवी की पूजा-अर्चना करने का विशेष महत्व माना जाता है। वास्तु में ऐसी कई वस्तुएं बताई गई हैं, जिनका खास संबंध किसी विशेष देवी-देवता या दिन से माना जाता है। वास्तु के अनुसार, देवी से संबंधित ये 5 चीजें नवरात्रि के दौरान घर में लाई जाएं तो देवी प्रसन्न होती हैं और घर-परिवार पर देवी की विशेष कृपा बनी रहती है।*

➡ *पाना चाहते हैं देवी की विशेष कृपा तो नवरात्रि के दौरान घर में रखें ये 5 चीजें*

1⃣  *कमल का फूल या तस्वीर*

*कमल का फूल देवी लक्ष्मी को विशेष रुप से प्रिय है। नवरात्रि के दौरान यदि घर में कमल का फूल या उससे संबंधी कोई तस्वीर लगाई जाए तो देवी लक्ष्मी की कृपा घर-परिवार पर हमेशा बनी रहती है।*

2⃣  *चाँदी या सोने का सिक्का*

*नवरात्रि  के दौरान घर में चाँदी या सोने का सिक्का लाना अच्छा माना जाता है। सिक्के पर यदि देवी लक्ष्मी या भगवान गणेशजी का श्रीचित्र अंकित हो तो और शुभ होगा।*

3⃣  *देवी लक्ष्मी की ऐसी तस्वीर*

*घर में हमेशा धन-धान्य बनाए रखना चाहते हैं तो नवरात्रि  के दौरान देवी लक्ष्मी की ऐसी तस्वीर घर में  लाएँ जिसमें कमल के फूल पर माता लक्ष्मी बैठी दिखाई दे रही हो, साथ ही उनके हाथों से धन की वर्षा हो रही हो।*

4⃣  *मोर पंख*

*देवी के सरस्वती स्वरूप में देवी का वाहन मोर माना जाता है, इसलिए नवरात्रि के दौरान घर में मोर पंख ला कर उसे मंदिर में स्थापित करने से कई फायदे होते हैं।*

5⃣  *सोलह श्रृंगार का सामान*

*नवरात्रि  के दौरान सोलह- श्रृंगार का सामान घर लाना चाहिए और उसे घर के मंदिर में स्थापित कर देना चाहिए। ऐसा करने से देवी माँ की कृपा हमेशा घर पर बनी रहती है।*

        🕉️ ~ *वैदिक पंचांग* ~ 🕉️


🌷 *दुर्गति से रक्षा हेतु* 🌷

😌 *मरणासन्न व्यक्ति के सिरहाने गीताजी रखें | दाह – संस्कार के समय ग्रन्थ को गंगाजी में बहा दें, जलायें नहीं |*

🔥 *मृतक के अग्नि – संस्कार की शुरुआत तुलसी की लकड़ियों से करें अथवा उसके शरीर पर थोड़ी – सी तुलसी की लकडियाँ बिछा दें, इससे दुर्गति से रक्षा होती है |*

🙏🏻 *स्त्रोत – ऋषि प्रसाद – जुलाई २०१६ से*

         🕉️ ~ *वैदिक पंचांग* ~ 🕉️

🙏🏻🌷🌻🌹🍀🌺🌸🍁💐🎀🌷🙏🏻


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*⚜️ आज का राशिफल ⚜️*

*दिनांक : 10 जुलाई 2024*


🐐🐂💏💮🐅👩

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मेष🐐 (चू, चे, चो, ला, ली, लू, ले, लो, अ)

आज के दिन का पूर्वार्ध कुछ ख़ास नहीं रहेगा दैनिक कार्य सामान्य गति से चलते रहेंगे। कार्य क्षेत्र पर विलम्ब के कारण व्यवसाय की गति धीमी रहेगी। अधूरे कार्य आज भी लटके रहने की संभावना है। मध्यान के बाद का समय कार्यो से मन भटकायेंगा। आज आप स्वयं को छोड़ इधर-उधर की बातों में ज्यादा रूचि लेंगे लेकिन किसी को बिना मांगे सलाह ना दे अन्यथा सम्मान में कमी आ सकती है दो पक्षो में सुलह कराने में भी आपकी महत्त्वपूर्ण भागीदारी रह सकती है। विरोधी शांत रहेंगे। धन लाभ आज चाह कर भी आशा के अनुकूल नहीं रहेगा। आनंद के अवसर मिलेंगे।


वृष🐂 (ई, ऊ, ए, ओ, वा, वी, वू, वे, वो)

आज के दिन गृहक्लेश के कारण वातावरण कलुषित होगा। भाई-बंधू वैरभाव रखेंगे परिवार के अन्य सदस्य भी आपका पक्ष लेने से बचेंगे। जमीन जायदाद सम्बंधित कार्य जल्दबाजी अथवा भावुकता में ना करें अन्यथा बाद में पश्चाताप होगा। कार्य क्षेत्र पर व्यवसाय में सुधार आने से थोड़ी राहत मिलेगी। नौकरी पेशा वर्ग आज पर्यटन के मूड में रहेंगे। स्वास्थ्य सम्बंधित शिकायते भी रहने से शिथिलता आयेगी। अधिकारी वर्ग से किसी कारण बहस हो सकती है। आस-पड़ोसियों से सम्बन्ध मधुर बनेंगे। यथा सम्भव लंबी यात्रा टालें।


मिथुन👫 (का, की, कू, घ, ङ, छ, के, को, हा)

आपका आज का दिन साधारण रहेगा फिर भी मानसिक रूप से प्रसन्न रहने के वातावरण बनते रहेंगे। सेहत में थोड़ी खराबी रह सकती है गले अथवा छाती सम्बंधित रोग से कष्ट होगा। धार्मिक स्थल के कार्यक्रमो में रूचि से हिस्सा लेंगे घर में भी पूजा पाठ का आयोजन करा सकते है। कल की अपेक्षा आज अधिकांश समय मौन रहना पसंद करेंगे जिससे आस पास संवादहीनता का वातावरण बनेगा। परिवार में आपकी आवश्यकता बढ़ेगी। कीमती सामान संभाल कर रखे चोरी अथवा नष्ट होने की संभावना है। स्त्री वर्ग के प्रति नीरसता रहेगी।


कर्क🦀 (ही, हू, हे, हो, डा, डी, डू, डे, डो)

आज के दिन आप प्रत्येक कार्यो में आलस्य-प्रमाद के कारण लाभ के अवसर हाथ से गवां सकते है। परिवार अथवा सहकर्मियो पर नाजायज अधिकार चलाने के कारण उग्र वातावरण बनेगा। वाणी में भी कड़वाहट रहने से लोग दूरी बनाएंगे। व्यवसाय में मन से परिश्रम करने के बाद भी किसी मामूली गलती के कारण लाभ आगे के लिये टल सकता है प्रतिस्पर्धा कम् रहने का उचित लाभ नहीं उठा पाएंगे। ससुराल पक्ष से सम्बन्ध असामान्य रहेंगे। माता-पिता की सेहत के कारण चिंता रहेगी। स्त्री का सहयोग मिलेगा। सन्तानो के ऊपर आज अधिक स्नेह रहेगा।


सिंह🦁 (मा, मी, मू, मे, मो, टा, टी, टू, टे)

आज का दिन आप आनंद के साथ व्यतीत करेंगे। घर बाहर का वातावरण सहयोगी रहने से समस्त कार्य आसान बनेंगे फिर भी कुछ कार्य आज अधूरे भी रह सकते है। सामाजिक कार्यो में सहभागिता बढ़ने से मान-सम्मान भी बढ़ेगा। परिजनो के साथ भविष्य के मांगलिक कार्य की रूपरेखा बनाएंगे। आज आप किसी को भी कुछ विरुद्ध बोलने का मौका नहीं देंगे। सभी को प्रसन्न रखने की विचारधारा परेशानी में भी डालेगी। खर्च बढ़ चढ़ कर रहेंगे फिर भी इनकी परवाह नहीं रहेगी। कार्य से समय निकाल स्वजनों के साथ बाहर घूमने का अवसर मिलेगा। धन लाभ अल्प रहेगा।


कन्या👩 (टो, पा, पी, पू, ष, ण, ठ, पे, पो)

आज के दिन आपको विविध उलझनों का सामना करना पड़ेगा खासकर पारिवारिक उलझने अकस्मात गंभीर रूप धारण कर सकती है घर के किसी सदस्य के गलत व्यवहार के कारण पारिवारिक गरिमा का हास हो सकता है। भाई बंधुओ से वर्चस्व को लेकर टकराव संभव है। धार्मिक कार्यो में रूचि होने पर भी ध्यान एकाग्र नहीं रख सकेंगे। स्वास्थ्य सामान्य रहने पर भी कार्यो में उत्साह नहीं दिखा सकेंगे। आज भी उधारी वाले व्यवहारों के कारण मानसिक चिंता रहेगी। संध्या का समय एकांत में बिताना अधिक पसंद करेंगे थोड़ी शांति भी मिलेगी।धन लाभ में विलम्ब होगा।


तुला⚖️ (रा, री, रू, रे, रो, ता, ती, तू, ते)

आज आप अधिकांश समय आराम में बिताना पसंद करेंगे। स्वास्थ्य सम्बंधित शिकायत पेट सम्बंधित समस्या मुख्यतः रहेगी। आकस्मिक कार्य आने से यात्रा करनी पड़ सकती है। धन लाभ दोपहर से पूर्व आसानी से होगा इसके बाद का समय परिश्रम साध्य लाभ देगा। पुरानी उधारी चुकता होने से राहत मिलेगी। घर में महिलाओं एवं सन्तानो की फरमाइश पूरी करनी पड़ेगी। माता पिता से भावनात्मक सम्बन्ध रहेंगे इस कारण किसी अन्य सदस्य से क्लेश भी रह सकता है। संध्या का समय थकान वाला रहेगा फिर भी मनोरंजन में समय बितायेंगे।


वृश्चिक🦂 (तो, ना, नी, नू, ने, नो, या, यी, यू)

आज के दिन आपको घर अथवा व्यावसायिक क्षेत्र पर कुछ विशेष कार्य सौपे जा सकते है इन्हें यथा शीघ्र पूर्ण कर लेंगे। वरिष्ठ लोग आपकी परीक्षा विभिन्न तरीकों से लेंगे इसमें सफलता निश्चित मिलेगी फिर भी हित शत्रु व्यवधान डालेंगे। चुनातियों का सामना करने में सक्षम रहेंगे लेकिन मध्यान के बाद आलस्य बढ़ने से स्थिति डांवाडोल हो सकती है। व्यापारियों को धन लाभ बीच बीच में होते रहने से संतोष रहेगा। पारिवारिक वातावरण में सुधार आएगा परिजन आज आपकी भावनाओं की कद्र करेंगे। परन्तु किसी कामना की पूर्ति ना होने पर रूठना मनाना लगा रहेगा।


धनु🏹 (ये, यो, भा, भी, भू, ध, फा, ढा, भे)

आज दिन का पहला भाग सुख-शांति से व्यतीत करेंगे आलस्य के कारण घरेलु कार्यो को अनदेखा करेंगे जिससे मामूली नोकझोंक हो सकती है। सेहत लगभग सामान्य ही रहेगी परन्तु घर में किसी सदस्य के स्वास्थ्य पर खर्च करना पड़ेगा। कार्य क्षेत्र पर आरम्भ में स्थिति लाभदायक रहेगी आशा के अनुसार व्यवसाय होगा परन्तु धन लाभ नियोजित नहीं होगा। कुछ महत्त्वपूर्ण कार्य अधूरे रह सकते है। कार्य क्षेत्र पर बदलाव करने के विचार भी बनेंगे। मध्यान के बाद से परिस्थिति बदलेगी कार्यो में अड़चने आने लगेगी फिर भी मनोरंजन के अवसर मिलते रहेंगे।


मकर🐊 (भो, जा, जी, खी, खू, खा, खो, गा, गी)

आज के दिन भी अधिकांश समय परिस्तिथियां आपकी आशाओं के विपरीत रहेंगी। पारिवारिक उलझनों के चलते अपने आपको बंधन में अनुभव करेंगे। प्रियजनों के विषय में आप के विचार बदल जाएंगे। सामाजिक क्षेत्र पर भी स्वयं को अकेला पाएंगे जिससे सहायता मांगेंगे वही टालमटोल करेगा। सेहत दोपहर के समय नरम रहेगी इसके बाद धीरे धीरे स्थिति में परिवर्तन होने लगेगा। घर के बड़े सदस्य सहायता के लिए आगे आयएंगे परन्तु स्त्री से अनबन लगी रहेगी। सन्तानो का व्यवहार भी अनापेक्षित रहने से पीड़ा होगी। संध्या तक जोड़ तोड़ करके निर्वाह के साधन बना लेंगे।


कुंभ🍯 (गू, गे, गो, सा, सी, सू, से, सो, दा)

आज का दिन आपको पुराने परिश्रम का फल देगा। व्यवहारिकता से बनाये सम्बन्धों से लाभ की संभावनाएं बनेगी। व्यवसाय से भी मध्यान तक प्रचुर मात्रा में लाभ अर्जित कर पाएंगे। परन्तु आज नए कार्यो में निवेश ना करें अन्यथा रुकावट आ सकती है। घरेलु कार्यो में व्यस्तता रहेगी सुखोपभोग की वस्तुओ पर खर्च करना पड़ेगा। रिश्तेदारी में जाना पड़ सकता है। सामाजिक क्षेत्र पर पारिवारिक स्थिति और ज्यादा बेहतर बनेगी। वाणी एवं व्यवहार की मधुरता किसी को भी आसानी से प्रभावित करेगी। धार्मिक क्षेत्र की यात्रा होगी दान पुण्य के अवसर मिलेंगे।


मीन🐳 (दी, दू, थ, झ, ञ, दे, दो, चा, ची)

आज आप कई दिनों से टल रही घरेलु उलझनों को सुलझाने में व्यस्त रहेंगे घर के सभी सदस्य बैठ कर महत्त्वपूर्ण विषयो पर चर्चा कर सकते है। वाणी का प्रयोग संयमित रखे अन्यथा व्यर्थ की गरमा-गर्मी हो सकती है। व्यवसायी लोग आज ज्यादा परिश्रम करने के मूड में नहीं रहेंगे जितना मिले उसी में संतोष कर लेंगे। सामाजिक कार्यक्रमो में भी बेमन से सम्मिलित होना पड़ेगा फिर भी सम्मान पाने के हकदार रहेंगे। दोपहर के बाद घर में रिश्तेदारो का आगमन होने से चहल-पहल बनेगी। लघु यात्रा पर्यटन पर जाएंगे परिजनों के साथ सुख से समय व्यतीत होगा।

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09 July 2024 🌞 *~ वैदिक पंचांग ~* 🌞 🌤️ *दिनांक -09 जुलाई 2024*

 🌞 *~ वैदिक पंचांग ~* 🌞

 🌤️  *दिनांक -09 जुलाई 2024*



🌤️ *दिन - मंगलवार*

🌤️ *विक्रम संवत - 2081 (गुजरात-महाराष्ट्र अनुसार  2080)*

🌤️ *शक संवत -1946*

🌤️ *अयन - दक्षिणायन*

🌤️ *ऋतु - वर्षा ॠतु* 

🌤️ *मास - आषाढ*

🌤️ *पक्ष - शुक्ल* 

🌤️ *तिथि - तृतीया सुबह 06:08 तक तत्पश्चात चतुर्थी*

🌤️ *नक्षत्र - अश्लेशा सुबह 07:52 तक तत्पश्चात मघा*

🌤️ *योग - सिध्दि 10 जुलाई रात्रि 02:27 तक तत्पश्चात व्यतीपात*

🌤️ *राहुकाल - शाम 04:04 से शाम 05:44 तक*

🌞 *सूर्योदय-06:04*

🌤️ *सूर्यास्त- 19:23*

👉 *दिशाशूल - उत्तर दिशा मे*

🚩 *व्रत पर्व विवरण- विनायक चतुर्थी,मंगलवारी चतुर्थी (सुबह 06:08 से 10 जुलाई सूर्योदय तक),व्यतीपात योग [रात्रि 02:27(10 जुलाई 02:27  AM) से 10 जुलाई रात्रि 03:10 (11 जुलाई 03:10  AM)तक]*

💥 *विशेष - **तृतीया को पर्वल खाना शत्रुओं की वृद्धि करने वाला है। (ब्रह्मवैवर्त पुराण, ब्रह्म खंडः 27.29-34)*

          🌞 *~ वैदिक पंचांग ~* 🌞


🌷 *मंगलवारी चतुर्थी* 🌷

🙏 *मंगलवारी चतुर्थी को सब काम छोड़ कर जप-ध्यान करना …जप, ध्यान, तप सूर्य-ग्रहण जितना फलदायी है…* 

🌷 *> बिना नमक का भोजन करें*

🌷 *> मंगल देव का मानसिक आह्वान करो*

🌷 *> चन्द्रमा में गणपति की भावना करके अर्घ्य दें*

💵 *कितना भी कर्ज़दार हो ..काम धंधे से बेरोजगार हो ..रोज़ी रोटी तो मिलेगी और कर्जे से छुटकारा मिलेगा |*

🙏🏻 *–Pujya Bapuji 17th Jan’10, उज्जैन*

                 🌞 *~ वैदिक पंचांग ~* 🌞


🌷 *मंगलवार चतुर्थी* 🌷

👉 *भारतीय समय के अनुसार 09 जुलाई 2024 सुबह 06:08 से 10 जुलाई सूर्योदय तक मंगलवारी चतुर्थी है, इस महा योग पर अगर मंगल ग्रह देव के 21 नामों से सुमिरन करें  और धरती पर अर्घ्य देकर प्रार्थना करें,शुभ संकल्प करें तो आप सकल ऋण से मुक्त हो सकते हैं..*

*👉🏻मंगल देव के 21 नाम इस प्रकार हैं :-*

🌷 *1) ॐ मंगलाय नमः*

🌷 *2) ॐ भूमि पुत्राय नमः*

🌷 *3 ) ॐ ऋण हर्त्रे नमः*

🌷 *4) ॐ धन प्रदाय नमः*

🌷 *5 ) ॐ स्थिर आसनाय नमः*

🌷 *6) ॐ महा कायाय नमः*

🌷 *7) ॐ सर्व कामार्थ साधकाय नमः*

🌷 *8) ॐ लोहिताय नमः*

🌷 *9) ॐ लोहिताक्षाय नमः*

🌷 *10) ॐ साम गानाम कृपा करे नमः*

🌷 *11) ॐ धरात्मजाय नमः*

🌷 *12) ॐ भुजाय नमः*

🌷 *13) ॐ भौमाय नमः*

🌷 *14) ॐ भुमिजाय नमः*

🌷 *15) ॐ भूमि नन्दनाय नमः*

🌷 *16) ॐ अंगारकाय नमः*

🌷 *17) ॐ यमाय नमः*

🌷 *18) ॐ सर्व रोग प्रहाराकाय नमः*

🌷 *19) ॐ वृष्टि कर्ते नमः*

🌷 *20) ॐ वृष्टि हराते नमः*

🌷 *21) ॐ सर्व कामा फल प्रदाय नमः*

🙏 *ये 21 मन्त्र से भगवान मंगल देव को नमन करें  ..फिर धरती पर अर्घ्य देना चाहिए..अर्घ्य देते समय ये मन्त्र बोले :-*

🌷 *भूमि पुत्रो महा तेजा*

🌷 *कुमारो रक्त वस्त्रका*

🌷 *ग्रहणअर्घ्यं मया दत्तम* 

🌷 *ऋणम शांतिम प्रयाक्ष्मे*

🙏 *हे भूमि पुत्र!..महा क्यातेजस्वी,रक्त वस्त्र धारण करने वाले देव मेरा अर्घ्य स्वीकार करो और मुझे ऋण से शांति प्राप्त कराओ..*

🙏 *Sureshanandji-Lucknow 22nd March '11*


          🌞 *~ वैदिक पंचांग ~* 🌞


🙏🏻🌷💐🌸🌼🌹🍀🌺💐🙏🏻


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आज का राशिफल

🐐🐂💏💮🐅👩

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मेष🐐 (चू, चे, चो, ला, ली, लू, ले, लो, अ)

आज के दिन आप स्वयं को अन्य लोगो से कम आंकेंगे जिससे मन हीन भावना से ग्रस्त रहेगा। कार्यो के आरम्भ अथवा बीच में ही हार मान लेने के कारण धन सम्बंधित आयोजन असफल रह सकते है। सरकारी कार्यो में नई उलझने बढ़ेंगी कागजी काम आज ना करें। व्यवसाय में भी आकस्मिक हानि अथवा खर्च बढ़ने से परेशानी होगी। आय की अपेक्षा खर्च अधिक रहेंगे। आज व्यर्थ में व्यसनों एवं दिखावे पर ज्यादा खर्च होगा। किसी महत्त्वपूर्ण कार्य के कारण किसी की खुशामद भी करनी पड़ेगी फिर भी कार्य सफलता संदिग्ध ही रहेगी।


वृष🐂 (ई, ऊ, ए, ओ, वा, वी, वू, वे, वो)

आज के दिन व्यावसायिक उलझने बढ़ने के कारण नई परेशानी खड़ी होगी। हाथ आये अनुबंध निरस्त हो सकते है सहकर्मियो के साथ भी तकरार होने की संभावना है आज आपका क्रोध अकस्मात ही किसी के ऊपर निकल सकता है। व्यवहार में नरमी बरतें काम निकालने के लिए किसी की झूठी तारीफ भी करनी पड़े तो करें आज लाभ पाने के लिए ये हथकंडे अपनाने ही पड़ेंगे। किसी महिला अथवा पुरुष के प्रति जरूरत से ज्यादा मोह मानसिक रूप से दुखी रखेगा। घर का वातावरण भी अस्त-व्यस्त रहेगा कोई भी आपकी बात को महत्त्व नहीं देगा।


मिथुन👫 (का, की, कू, घ, ङ, छ, के, को, हा)

आज आप दिन भर कार्य क्षेत्र पर व्यस्त रहेंगे व्यवसाय सम्बंधित वादे पूरे करने के लिए कठोर परिश्रम करना पड़ेगा इसका उचित फल भी धन लाभ के रूप में यथा शीघ्र मिल जाएगा। विरोधी बनते कामो में अड़ंगा डालेंगे इसकी परवाह नहीं करे अपने कार्य पर ध्यान केंद्रित रखें सफलता अवश्य मिलेगी। दाम्पत्य के उत्तरदायित्वों की पूर्ति करने में अधिक खर्च करना पड़ेगा परन्तु इससे घर में खुशहाली बढ़ेगी। मध्यान के बाद से धन की आवक आरंभ हो जायेगी जो की संध्या तक रुक रुक कर चलती रहेगी। मनोरंजन के अवसर भी हाथ से नहीं जाने देंगे।


कर्क🦀 (ही, हू, हे, हो, डा, डी, डू, डे, डो)

आज का दिन मिश्रित फलदायी रहेगा। कार्य क्षेत्र पर प्रतिस्पर्धा के चलते अधिक मशक्कत करनी पड़ेगा फिर भी लाभ आशा से कम ही रहेगा। धन के व्यवहार के चलते किसी से तीखी झड़प हो सकती है उधार लिया धन अति शीघ्र वापस करने का प्रयास करें अन्यथा स्वयं के साथ परिवार की प्रतिष्ठा ख़राब होगी। आवश्यकता पड़ने पर ही किसी से बात करें अनजाने में अपनी कमजोरी स्वयं ही लोगो को बताने के कारण बाद में मुश्किल होगी। परिजन की ख़राब सेहत को लेकर भी भाग-दौड़ करनी पड़ेगी धन खर्च आकस्मिक होगा। संताने परीक्षा में आशा के अनुरूप प्रदर्शन नहीं कर पाएंगी।


सिंह🦁 (मा, मी, मू, मे, मो, टा, टी, टू, टे)

आज का दिन आपके लिए आशा से अधिक फायदेमंद रहेगा। घर एवं बाहर आश्चर्यजनक घटनाएं घटित होंगी। आज जहाँ आप हानि की संभावना रखेंगे वहां से भी लाभ मिलेगा। कार्य क्षेत्र पर आरंभ में थोड़ी परेशानी हो सकती है लेकिन बाद में स्थिति अनुकूल बनने लगेगी कई साधनो से एक साथ धन लाभ होगा। विरोधी भी आपकी कार्यकुशलता की प्रशंशा करेंगे सामाजिक  क्षेत्र पर मान बढ़ेगा परन्तु गृहस्थ में इसके विपरीत वातावरण रहने से होत्साहित हो सकते है। परिजन आपकी बात का जल्दी से विश्वास नहीं करेंगे। 


कन्या👩 (टो, पा, पी, पू, ष, ण, ठ, पे, पो)

आज के दिन आप परिस्थितियों से हार मान लेंगे मानसिक अशांति अधिक रहेगी। समझौते वाली प्रवृति भी आज काम् नहीं आने वाली। मन अनैतिक कार्यो की और अधिक आकर्षित रहेगा। सामाजिक क्षेत्र पर मान हानि के योग है इसलिए कोई भी निर्णय सोच समझ कर लें। परिवार के सदस्य भी उलाहना देंगे मन में नकारात्मक भाव अधिक रहने के कारण मिलने वाले लाभ से भी वंचित रह सकते है। सेहत भी अकस्मात ख़राब होगी। कार्य क्षेत्र पर बेमन से कार्य करने के कारण अधिकारियो की फटकार सुननी पड़ेगी। गृहस्थ में उथल-पुथल रहेगी।


तुला⚖️ (रा, री, रू, रे, रो, ता, ती, तू, ते)

आज के दिन आप सामाजिक गतिविधियो में अधिक सक्रिय रहेंगे। समाज के वरिष्ठ लोगों के साथ संपर्क बढ़ेंगे सम्मान में वृद्धि होगी। आज दिखावा भी अधिक रहने के कारण अतरिक्त खर्च बढ़ेंगे। कार्य व्यवसाय में अधिक रुचि नहीं रहने पर भी धन लाभ होने से उत्साहित रहेंगे। बेरोजगारों को रोजगार की उम्मीद जगेगी परन्तु दौड़-धुप अधिक करनी पड़ेगी। विदेश यात्रा में आरही बाधा शांत होने से आगे का मार्ग प्रशस्त होगा फिर भी आज लंबी यात्रा करने से बचे चोटादि का भय है। संताने आपकी बाते मानेंगी। स्त्री सुख भी सामान्य रहेगा।


वृश्चिक🦂 (तो, ना, नी, नू, ने, नो, या, यी, यू)

आज आपके द्वारा बनाई योजनाएं शीघ्र फलीभूत होंगी। सभी महत्त्वपूर्ण कार्य आज सरलता से पूर्ण होने की संभावना अधिक रहेगी। कार्य व्यस्तता के कारण घरेलु कार्यो की अनदेखी पारिवारिक क्लेश का कारण बन सकती है फिर भी धन लाभ होने से संतुष्टि रहेगी। स्वास्थ्य उत्तम बना रहेगा। धर्म कर्म में विश्वास रहने पर भी समय नहीं दे सकेंगे तंत्र मंत्र में अधिक रूचि लेंगे। आज आप सभी को साथ लेकर चलेंगे जिससे अधिक स्नेह एवं सम्मान मिलेगा। परंतु घर के बुजुर्ग एवं अधिकारी वर्ग से सावधान रहें मतभेद के चलते गर्मा-गर्मी हो सकती है।


धनु🏹 (ये, यो, भा, भी, भू, ध, फा, ढा, भे)

आज आप किसी धार्मिक क्षेत्र से जुड़ेंगे जिससे आध्यात्मिक उन्नति होगी मन शांत रहेगा हास्य परिहास वाले स्वभाव के कारण आसपास का वातावरण खुशनुमा करेंगे। कार्य क्षेत्र पर भी आशा के अनुकूल व्यवसाय रहेगा परन्तु आज जितना भी कमाएंगे उससे संतोष नहीं होगा। आलसी वृति के कारण कार्यो में विलम्ब होगा। परिवार के सदस्यों की गतिविधियों पर शक करने से अशांति फ़ैल सकती है। मनचाही वस्तुओ पर खर्च करने के बाद भी शांति स्थापना के प्रयास विफल होंगे। मध्यान के बाद धन लाभ की संभावनाएं अंत समय में टलने से दुःख होगा।


मकर🐊 (भो, जा, जी, खी, खू, खा, खो, गा, गी)

आज के दिन आपको अधूरे कार्य पूर्ण करने की जल्दी रहेगी जल्दबाजी में कुछ कार्य बिगड़ भी सकते है इसका ध्यान रखें। कार्य क्षेत्र पर अपनी गलती का गुस्सा भी अन्य व्यक्ति के ऊपर निकालने से गर्मा गर्मी बढ़ेगी फिर भी अधिकांश कार्य समय से थोड़ा आगे पीछे पूर्ण हो ही जायेंगे। धन लाभ की कामना संध्या के समय पूर्ण हो जायेगी। नौकरी पेशा जातक आयवश्यक कार्य से लंबे अवकाश का मन बना सकते है। धार्मिक कार्यो में भी विशेष रूचि लेंगे टोने टोटको पर प्रयोग कर सकते है। पारिवारिक वातावरण मध्यम रहेगा।


कुंभ🍯 (गू, गे, गो, सा, सी, सू, से, सो, दा)

आज के दिन आपको पारिवारिक समस्याओं का स्थायी समाधान मिल सकेगा किसी वरिष्ठ व्यक्ति का इसमें महत्त्वपूर्ण सहयोग रहेगा पूजा-पाठ के आयोजन की रूप रेखा भी बनेगी। व्यावसायिक क्षेत्र पर भी अधिक ध्यान देने से कार्य समय से पूर्ण कर लेंगे। लेकिन नौकरी वाले जातक आज आलस्य के कारण कार्य अधूरे छोड़ेंगे। जमीन-जायदाद अथवा सरकारी कार्य आगे के लिए लंबित होंगे बेहतर रहेगा आज इनमे समय ख़राब ना करें। सामाजिक कार्यो में भागीदारी देने की सहमति देंगे दान-पुण्य पर खर्च करेंगे। 


मीन🐳 (दी, दू, थ, झ, ञ, दे, दो, चा, ची)

आज के दिन आपको मिला जुला फल मिलेगा। एक पल में ख़ुशी के समाचार मिलने से आनंदित हो उठेंगे अगले ही पल किसी अन्य कारण से चिंता की स्थिति बनेगी। कार्य स्थल पर आपको प्रलोभन दिए जाएंगे इनपर आगे भविष्य की हानि-लाभ परख कर ही निर्णय लें। भाई बंधू आपसे स्वार्थ सिद्धि की भावना के कारण अत्यन्त मीठा व्यवहार करेंगे। किसी प्रियजन से कई दिनों बाद हुई भेंट से प्रसन्नता होगी। धन लाभ भी अवश्य होगा परन्तु इसके लिए बौद्धिक परिश्रम एवं प्रतीक्षा अधिक करनी पड़ेगी। गृहस्थ में भी उतार चढ़ाव लगा रहेगा। बाहर घूमने की योजना बनाएंगे।

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08 July 2024 🌞 *~ वैदिक पंचांग ~* 🌞 🌤️ *दिनांक -08 जुलाई 2024*

 🌞 *~ वैदिक पंचांग ~* 🌞

 🌤️  *दिनांक -08 जुलाई 2024*



🌤️ *दिन - सोमवार*

🌤️ *विक्रम संवत - 2081 (गुजरात-महाराष्ट्र अनुसार  2080)*

🌤️ *शक संवत -1946*

🌤️ *अयन - दक्षिणायन*

🌤️ *ऋतु - वर्षा ॠतु* 

🌤️ *मास - आषाढ*

🌤️ *पक्ष - शुक्ल* 

🌤️ *तिथि - तृतीया पूर्ण रात्रि तक*

🌤️ *नक्षत्र - अश्लेशा पूर्ण रात्रि तक*

🌤️ *योग - वज्र 09 जुलाई रात्रि 02:06 तक तत्पश्चात सिध्दि*

🌤️ *राहुकाल - सुबह 07:43 से सुबह 09:23 तक*

🌞 *सूर्योदय-06:04*

🌤️ *सूर्यास्त- 19:23*

👉 *दिशाशूल - पूर्व दिशा मे*

🚩 *व्रत पर्व विवरण- तृतीया वृद्धि तिथि*

💥 *विशेष - *तृतीया को पर्वल खाना शत्रुओं की वृद्धि करने वाला है। (ब्रह्मवैवर्त पुराण, ब्रह्म खंडः 27.29-34)*

          🌞 *~ वैदिक पंचांग ~* 🌞


🌷 *व्यतिपात योग* 🌷

➡️ *09 जुलाई 2024 मंगलवार को रात्रि 02:27 (10 जुलाई 02:27 AM) से 10 जुलाई रात्रि 03:10 (11 जुलाई 03:10 AM) तक (यानि 10 जुलाई, बुधवार को पुरा दिन) व्यतिपात योग है।*

🙏🏻 *व्यतिपात योग की ऐसी महिमा है कि उस समय जप पाठ प्राणायम, माला से जप या मानसिक जप करने से भगवान की और विशेष कर भगवान सूर्यनारायण की प्रसन्नता प्राप्त होती है जप करने वालों को, व्यतिपात योग में जो कुछ भी किया जाता है उसका १ लाख गुना फल मिलता है।*

🙏🏻 *वाराह पुराण में ये बात आती है व्यतिपात योग की।*

              🌞 *~ वैदिक पंचांग ~* 🌞


🌷 *मंगलवारी चतुर्थी* 🌷

➡️ *09 जुलाई 2024 मंगलवार को सुबह 06:08 से 10 जुलाई सूर्योदय तक मंगलवारी चतुर्थी है ।*

🌷 *मंत्र जप व शुभ संकल्प की सिद्धि के लिए विशेष योग* 

🙏🏻 *मंगलवारी चतुर्थी को किये गए जप-संकल्प, मौन व यज्ञ का फल अक्षय होता है ।*

👉🏻 *मंगलवार चतुर्थी को सब काम छोड़ कर जप-ध्यान करना ... जप, ध्यान, तप सूर्य-ग्रहण जितना फलदायी है...*

           🌞 *~ वैदिक पंचांग ~* 🌞

 

🌷 *गुप्त नवरात्रि* 🌷

➡️ *गतांक से आगे...*

💵 *4. बरकत बढ़ाने का उपाय*

*गुप्त नवरात्रि  में किसी भी दिन सुबह स्नान कर साफ कपड़े में अपने सामने मोती शंख को रखें और उस पर केसर से स्वस्तिक का चिह्न बना दें। इसके बाद नीचे लिखे मंत्र का जप करें-*

🌷 *श्रीं ह्रीं श्रीं महालक्ष्मयै नम:*

➡ *मंत्र का जप स्फटिक माला से ही करें। मंत्रोच्चार के साथ एक-एक चावल इस शंख में डालें। इस बात का ध्यान रखें की चावल टूटे हुए ना हो।  यह प्रयोग लगातार नौ दिनों तक करें। इस प्रकार रोज एक माला जप करें। उन चावलों को एक सफेद रंग के कपड़े की थैली में रखें और 9 दिन के बाद चावल के साथ शंख को भी उस थैली में रखकर तिजोरी में रखें। इस उपाय से घर की बरकत बढ़ सकती है।*

👩🏻 *5. मनचाही दुल्हन के लिए उपाय*

*गुप्त नवरात्रि के दौरान जो भी सोमवार आए। उस दिन सुबह किसी शिव मंदिर में जाएं। वहां शिवलिंग पर दूध, दही, घी, शहद और शक्कर चढ़ाते हुए उसे अच्छी तरह से साफ करें। फिर शुद्ध जल चढ़ाएं और पूरे मंदिर में झाड़ू लगाकर उसे साफ करें। अब भगवान शिव की चंदन, पुष्प एवं धूप, दीप आदि से पूजा करें।*

➡ *रात 10 बजे के बाद अग्नि प्रज्वलित कर ऊं नम: शिवाय मंत्र का उच्चारण करते हुए घी से 108 आहुति दें। अब 40 दिनों तक नित्य इसी मंत्र का पांच माला जप भगवान शिव के सामने करें। इससे शीघ्र ही आपकी मनोकामना पूर्ण होने के योग बनेंगे।*

🤷🏻‍♂ *6. इंटरव्यु में सफलता का उपाय*

*गुप्त नवरात्रि  में किसी भी दिन सुबह जल्दी उठकर स्नान आदि करने के बाद सफेद रंग का सूती आसन बिछाकर पूर्व दिशा की ओर मुख करके उस पर बैठ जाएं। अब अपने सामने पीला कपड़ा बिछाकर उस पर 108 दानों वाली स्फटिक की माला रख दें और इस पर केसर व इत्र छिड़क कर इसकी पूजा करें।*

➡ *इसके बाद धूप, दीप और अगरबत्ती दिखाकर नीचे लिखा मंत्र 31 बार बोलें। इस प्रकार 11 दिन तक करने से वह माला सिद्ध हो जाएगी। जब भी किसी इंटरव्यु में जाएं तो इस माला को पहन कर जाएं। ये उपाय करने से इंटरव्यु में सफलता की संभावना बढ़ सकती है।*

🌷 *मंत्र- ऊं ह्लीं वाग्वादिनी भगवती मम कार्य सिद्धि कुरु कुरु फट् स्वाहा।*

👨🏻👩🏻 *7. दांपत्य सुख के लिए उपाय*

*यदि जीवनसाथी से अनबन होती रहती है तो गुप्त नवरात्रि  में रोज नीचे लिखी चौपाई को पढ़ते हुए 108 बार अग्नि में घी से आहुतियां दें। इससे यह चौपाई सिद्ध हो जाएगी। अब नित्य सुबह उठकर पूजा के समय इस चौपाई को 21 बार पढ़ें। यदि संभव हो तो अपने जीवनसाथी से भी इस चौपाई का जप करने के लिए कहें-*

🌷 *चौपाई*

*सब नर करहिं परस्पर प्रीति।*

*चलहिं स्वधर्म निरत श्रुति नीति।।*

➡️ *समाप्त...*


        🌞 *~ वैदिक पंचांग ~* 🌞


🙏🏻🌷💐🌸🌼🌹🍀🌺💐🙏🏻

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आज का राशिफल

🐐🐂💏💮🐅👩

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मेष🐐 (चू, चे, चो, ला, ली, लू, ले, लो, अ)

आपका आज का दिन भी थोड़ा उतार चढ़ाव वाला रहेगा। संबंधो में चाह कर भी मधुरता नहीं रख पाएंगे। परिजनों से बात-बात पर मतभेद बनेंगे। गलतफहमियां भी आज अधिक परेशान करेंगी। कार्य क्षेत्र पर प्रतिस्पर्धा अधिक रहने से अधिक ध्यान देना पड़ेगा। आज आपके हिस्से का लाभ कोई अन्य व्यक्ति ले सकता है। संभावित अनुबंध निरस्त होने से मन भारी रहेगा। धन लाभ के लिए किसी की मान गुहार करनी पड़ेगी फिर भी काम चलाऊ प्राप्ति हो जाएगी। लंबी यात्रा की योजना स्थगित करनी पड़ सकती है। पारिवारिक खर्च अधिक बढ़ने से परेशानी होगी।


वृष🐂 (ई, ऊ, ए, ओ, वा, वी, वू, वे, वो)

आज के दिन खर्च विशेष रहेंगे लेकिन धन लाभ के अवसर भी मिलने से तालमेल बना रहेगा। कार्य क्षेत्र के साथ साथ घरेलु कार्य अधिक रहने से व्यस्तता बढ़ेगी। मध्यान के समय धन लाभ के अवसर भी मिलेंगे परन्तु आशा के अनुसार सफलता नहीं मिल पाएगी। घर में सजावट एवं बदलाव लाने के लिए समय एवं धन खर्च होगा। सन्तानो की जिद के चलते थोड़े असहज रहेंगे। कार्य क्षेत्र पर प्रतिस्पर्धा अधिक रहने का लाभ नही उठा पाएंगे। प्रतिष्ठा को लेकर आज आप अधिक संवेदनशील रहेंगे। नौकरी पेशा जातको को थोड़ी परेशानी रहेगी। संध्या का समय एकांत वास में बिताना पसंद करेंगे।


मिथुन👫 (का, की, कू, घ, ङ, छ, के, को, हा)

आज आपके कार्यो में लचरता रहेगी। किसी भी निर्णय पर ज्यादा देर नही टिकेंगे। आप अपने ही गैरजिम्मेदार व्यवहार के कारण कष्ट उठाएंगे। कार्यो में लापरवाही भी अधिक रहेगी। हर कार्य में शक करने के कारण परिवार अथवा कार्य क्षेत्र पर तनातनी हो सकती है। व्यवसाय विपरीत रहने से धन लाभ आज मुश्किल से ही हो पायेगा। किसी दूर रहने वाले रिश्तेदार से सुखद समाचार मिलेगा। परिवार में किसी की बीमारी पर खर्च होगा। सरकारी कार्यो के पीछे व्यर्थ की भाग दौड़ करनी पड़ेगी। सेहत का विशेष ध्यान रखें।


कर्क🦀 (ही, हू, हे, हो, डा, डी, डू, डे, डो)

आपका दिन आनंद से बीतेगा दिन के पूर्वार्ध में कार्य व्यवसाय बेहतर चलेगा इसमें व्यस्तता भी अधिक रहेगी मध्यान से पहले का समय घरेलू आवश्यकताओ की पूर्ति करने में बीतेगा। आज विपरीत लिंगीय आकर्षण से बच कर रहे अन्यथा धन एवं मान हानि भी होगी। सन्तानो के ऊपर आज गर्व होगा। लेकिन आपके किसी गलत आचरण के कारण सम्मान को ठेस पहुच सकती है। धन लाभ प्रचुर मात्रा में होगा परन्तु घरेलु खर्च अधिक रहने से बचत मुश्किल से ही कर पाएंगे। पुराने मित्रों एवं संबंधियों से मिलने पर खुशी होगी।


सिंह🦁 (मा, मी, मू, मे, मो, टा, टी, टू, टे)

आज आप किसी के बहकावे अथवा प्रलोभन में ना आये संवेदनशीलता अधिक रहने से आँख बंद करके किसी भी कार्य के लिए सहमति ना दें अन्यथा भारी हानि हो सकती है। पैतृक सम्पति सम्बंधित मामले उलझने से पारिवारिक वातावरण बिगड़ेगा। सरकारी कार्य भेंट पूजा के बिना करना संभव नहीं रहेगा। पुराने मित्रों से आकस्मिक भेंट आनंदित करेगी। कार्य क्षेत्र पर अधिक सतर्क रहें चोरी अथवा अन्य कारणों से नुक्सान हो सकता है। पारिवारिक समस्याओं की लापरवाही करने से स्थिति विकट हो सकती है। धार्मिक अनुष्ठानों पर खर्च करेंगे।


कन्या👩 (टो, पा, पी, पू, ष, ण, ठ, पे, पो)

आपका आज का दिन सामान्य से अधिक शुभ फल देने वाला रहेगा। सामाजिक एवं व्यावसायिक क्षेत्र पर अपनी प्रतिभा दिखाने का सुअवसर मिलेगा फिर भी इससे आर्थिक लाभ की आशा ना रखे सम्बन्ध प्रगाढ़ होंगे। धन लाभ के लिए आज थोड़ा अधिक बौद्धिक एवं शारीरिक परिश्रम करना पड़ेगा। धार्मिक कार्यो में भी सहभागिता देंगे। मध्यान के समय कार्य व्यवसाय में गति रहने से व्यस्तता रहेगी। शारीरिक रूप से थका हुआ अनुभव होगा। परिजनो की इच्छा पूर्ती पर खर्च करेंगे। गृहस्थ सुख सामान्य रहेगा। ऊपरी आय की भी संभावना है।


तुला⚖️ (रा, री, रू, रे, रो, ता, ती, तू, ते)

आज आपको सरकारी कार्यो से आकस्मिक लाभ होगा। पिता से संबंध बेहतर होने का लाभ मिलेगा। घर में मांगलिक कार्य के कारण अथवा अन्य घरेलु कार्यो में अधिक व्यस्त रहेंगे। कार्य क्षेत्र पर भी आशा के अनुरूप व्यवसाय होने से धन लाभ होगा। सुख के ऊपर फिजूल खर्च भी अधिक रहेंगे। घर में मेहमानों के आने से चहल-पहल रहेगी। आज किसी के ऊपर अतिविश्वास ना करें। अतिक्रोध बने बनाये कार्य को चौपट कर सकता है ध्यान रहे। आय के नविन साधनों की प्राप्ति होगी। घर में आनंद का वातावरण रहेगा।


वृश्चिक🦂 (तो, ना, नी, नू, ने, नो, या, यी, यू)

आज के दिन आप लाभ-हानि की परवाह नही करेंगे। सामाजिक एवं पारिवारिक क्षेत्र पर आज आप भाग्यशाली माने जाएंगे। आपके अधिकांश कार्य सरलता से बनते चले जाएंगे।  जायदाद सम्बंधित कार्यो को आज करना शुभ रहेगा। सरकार की तरफ से लाभदायक समाचार मिल सकता है। विदेश सम्बंधित कार्यो में भी सफलता सुनिश्चित रहेगी। धार्मिक क्षेत्र पर योगदान के लिए सम्मानित किए जाएंगे। परिवार में भी आज आपको विशेष स्नेह एव सुविधा मिलेगी। स्वास्थ्य भी उत्तम रहेगा। धन लाभ के लिए प्रतीक्षा करनी पड़ेगी।


धनु🏹 (ये, यो, भा, भी, भू, ध, फा, ढा, भे)

आपका आज का दिन शारीरिक रूप से अशुभ रहेगा। प्रातः काल से ही आँख में जलन अथवा अंगों में दर्द रहने से निष्क्रियता रहेगी। कार्यो में उत्साहहीनता रहने के कारण पूर्व निर्धारित योजनाएं टालनी पड़ सकती है। व्यवसायिक स्थल पर प्रतिस्पर्धा के कारण टकराव की स्थिति बनेगी। आज के दिन शालीनता के साथ व्यवहार करना फायदेमंद रहेगा। अधिक क्रोध एवं ईर्ष्या की प्रवृति धन के साथ-साथ प्रियजनों से आपसी व्यवहार बिगाड़ेगी। भाग्योन्नति में बाधाएं आएँगी।


मकर🐊 (भो, जा, जी, खी, खू, खा, खो, गा, गी)

आज आप पिछले कुछ दिनों की अपेक्षा बेहतर स्वास्थ्य अनुभव करेंगे। बड़े लोगो से व्यवहारिक ज्ञान मिलेगा। आज कुछ अलग करने का प्रयास करेंगे इसमें कुछ हद तक सफल भी रहेंगे परन्तु धन अथवा अन्य कारण से बाधा आएगी। सामाजिक कार्यो के प्रति रूचि लेने से प्रतिष्ठा में वृद्धि होगी। बड़बोलेपन के कारण मान हानि हो सकती है संयमित व्यवहार करें। किसी परिजन अथवा सहकर्मी का विपरीत व्यवहार रंग में भंग का कार्य करेगा क्रोध में आकर कोई गलत हरकत ना करें। संध्या के समय धन लाभ होने से आयवश्यक कार्य पूर्ण कर पाएंगे।


कुंभ🍯 (गू, गे, गो, सा, सी, सू, से, सो, दा)

आज के दिन सेहत में थोड़ी गिरावट रह सकती है। परंतु बाकि सब कार्य एवं व्यवहार यथावत चलते रहेंगे। कार्य क्षेत्र पर थोड़े समय में ही अधिक लाभ मिल जाएगा। समय निकाल कर पर्यटन की योजना बनाएंगे। पौरिणीक धार्मिक स्थलों की यात्रा हो सकती है। परिवार में भी आज भावनात्मकता अधिक रहने से एक दूसरे के विचारों की कद्र करेंगे। उगाही करने पर उधारी की वापसी हो सकेगी। संध्या के बाद स्थिति में परिवर्तन आने से क्रोध एवं नकारात्मक भावनाएं बढ़ेंगी। 


मीन🐳 (दी, दू, थ, झ, ञ, दे, दो, चा, ची)

आपको आज का दिन मिश्रित फल देगा। दिन के पूर्वार्ध में पूर्व में बनाई योजनाये सही दिशा में आगे बढ़ेगी परन्तु कुछ समय बाद किसी के विरोध अथवा अन्य कारणों से इनमे बदलाव करना पड़ेगा। आयवश्यक कार्यो में विलम्ब होने से निराशा होगी। यात्रा की में भी विघ्न आने से स्थगित करनी पड़ सकती है। पारिवारिक वातावरण स्वार्थ पर आधारित रहेगा। स्त्री एवं संतान के मध्य तालमेल बनाना मुश्किल खड़ी करेगा। धन लाभ के लिए आज अधिक बौद्धिक परिश्रम करना पड़ेगा। खर्च आय से अधिक रहेंगे। सन्तानो से कष्ट होगा।

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Sunday, July 7, 2024

रविवार, ०७ जुलाई २०२४

 .             ।। 🕉 ।।

        🚩 जय श्री राम 🚩

         🌞 सुप्रभातम् 🌞

   ««« आज का पञ्चांग »»»


🌻रविवार, ०७ जुलाई २०२४🌻


सूर्योदय: 🌄 ०५:३४

सूर्यास्त: 🌅 ०७:१७

चन्द्रोदय: 🌝 ०६:१८

चन्द्रास्त: 🌜२०:४८

अयन 🌖 दक्षिणायणे (उत्तरगोलीय)

ऋतु: ⛈️ वर्षा 

शक सम्वत: 👉 १९४६ (क्रोधी)

विक्रम सम्वत: 👉 २०८१ (पिंगल)

मास 👉 आषाढ 

पक्ष 👉 शुक्ल 

तिथि 👉 द्वितीया (२८:५९ से तृतीया)

नक्षत्र 👉 पुष्य (पूर्ण रात्रि तक)

योग 👉 हर्षण (२६:१३ से वज्र)

प्रथम करण 👉 बालव (१६:३८ तक)

द्वितीय करण 👉 कौलव (२८:५९ तक)


॥ गोचर ग्रहा: ॥ 

🌖🌗🌖🌗

सूर्य   🌟 मिथुन 

चंद्र    🌟 कर्क

मंगल 🌟 मेष (उदित, पूर्व, मार्गी)

बुध   🌟 कर्क (उदित, पूर्व, वक्री)

गुरु   🌟 वृष (उदय, पूर्व, मार्गी)

शुक्र  🌟 कर्क (अस्त, पश्चिम, मार्गी)

शनि  🌟 कुम्भ (उदित, पूर्व, वक्री)

राहु   🌟 मीन 

केतु   🌟 कन्या    


शुभाशुभ मुहूर्त विचार

⏳⏲⏳⏲⏳⏲⏳


अभिजित मुहूर्त 👉 ११:५४ से १२:५०

अमृत काल 👉 २३:१९ से २५:००

रविपुष्य योग 👉 पूरे दिन

सर्वार्थसिद्धि योग 👉 पूरे दिन

विजय मुहूर्त 👉 १४:४२ से १५:३८

गोधूलि मुहूर्त 👉 १९:२० से १९:४०

सायाह्न सन्ध्या 👉 १९:२२ से २०:२२

निशिता मुहूर्त 👉 २४:०२ से २४:४२

राहुकाल 👉 १७:३७ से १९:२२

राहु वास 👉 उत्तर

यमगण्ड 👉 १२:२२ से १४:०७

दुर्मुहूर्त 👉 १७:३० से १८:२६

होमाहुति 👉 सूर्य

दिशा शूल 👉 पश्चिम

अग्निवास 👉 पृथ्वी (२८:५९ तक)

चन्द्र वास 👉 उत्तर

शिववास 👉 गौरी के साथ (२८:५९ से सभा में)


☄चौघड़िया विचार☄


॥ दिन का चौघड़िया ॥ 

१ - उद्वेग      २ - चर

३ - लाभ      ४ - अमृत

५ - काल      ६ - शुभ

७ - रोग        ८ - उद्वेग

॥रात्रि का चौघड़िया॥ 

१ - शुभ       २ - अमृत

३ - चर        ४ - रोग

५ - काल     ६ - लाभ

७ - उद्वेग     ८ - शुभ

नोट👉 दिन और रात्रि के चौघड़िया का आरंभ क्रमशः सूर्योदय और सूर्यास्त से होता है। प्रत्येक चौघड़िए की अवधि डेढ़ घंटा होती है। 


शुभ यात्रा दिशा

🚌🚈🚗⛵🛫

उत्तर-पश्चिम (पान का सेवन कर यात्रा करें)


तिथि विशेष

🗓📆🗓📆


श्री जगन्नाथ रथ यात्रा पुरी, मनोरथ द्वितीया (बंगाल), चन्द्र दर्शन, व्यवसाय आरम्भ मुहूर्त प्रातः ०७:२३ से दोपहर १२:३१ तक आदि।


आज जन्मे शिशुओं का नामकरण 


आज २९:४७ तक जन्मे शिशुओ का नाम                     

पुष्य नक्षत्र के प्रथम, द्वितीय, तृतीय एवं चतुर्थ चरण अनुसार क्रमशः (हू, हे, हो, डा) नामाक्षर से रखना शास्त्र सम्मत है।


उदय-लग्न मुहूर्त

मिथुन - २७:५१ से ०६:०६

कर्क - ०६:०६ से ०८:२८

सिंह - ०८:२८ से १०:४७

कन्या - १०:४७ से १३:०५

तुला - १३:०५ से १५:२५

वृश्चिक - १५:२५ से १७:४५

धनु - १७:४५ से १९:४८

मकर - १९:४८ से २१:२९

कुम्भ - २१:२९ से २२:५५

मीन - २२:५५ से २४:१९+

मेष - २४:१९+ से २५:५३+

वृषभ - २५:५३+ से २७:४७+


पञ्चक रहित मुहूर्त

शुभ मुहूर्त - ०५:२२ से ०६:०६

चोर पञ्चक - ०६:०६ से ०८:२८

शुभ मुहूर्त - ०८:२८ से १०:४७

रोग पञ्चक - १०:४७ से १३:०५

शुभ मुहूर्त - १३:०५ से १५:२५

मृत्यु पञ्चक - १५:२५ से १७:४५

अग्नि पञ्चक - १७:४५ से १९:४८

शुभ मुहूर्त - १९:४८ से २१:२९

रज पञ्चक - २१:२९ से २२:५५

शुभ मुहूर्त - २२:५५ से २४:१९+

शुभ मुहूर्त - २४:१९+ से २५:५३+

रज पञ्चक - २५:५३+ से २७:४७+

शुभ मुहूर्त - २७:४७+ से २८:५९+

चोर पञ्चक - २८:५९+ से २९:२२+


🚩 *व्रत पर्व विवरण – भगवान जगन्नाथ रथयात्रा,चंद्र-दर्शन (रात्रि 07:17 से 08:38 तक),रविपुष्यामृत योग (सूर्योदय से 08 जुलाई सूर्योदय तक*


💥 *विशेष – द्वितीया को बृहती (छोटा  बैगन या कटेहरी) खाना निषिद्ध है। (ब्रह्मवैवर्त पुराण, ब्रह्म खंडः 27.29-34)*


*💥 रविवार के दिन स्त्री-सहवास तथा तिल का तेल खाना और लगाना निषिद्ध है। (ब्रह्मवैवर्त पुराण, ब्रह्म खंडः 27.29-38)*


💥 *रविवार के दिन मसूर की दाल, अदरक और लाल रंग का साग नहीं खाना चाहिए।(ब्रह्मवैवर्त पुराण, श्रीकृष्ण खंडः 75.90)*


💥 *रविवार के दिन काँसे के पात्र में भोजन नहीं करना चाहिए।(ब्रह्मवैवर्त पुराण, श्रीकृष्ण खंडः 75)*


💥 *स्कंद पुराण के अनुसार रविवार के दिन बिल्ववृक्ष का पूजन करना चाहिए। इससे ब्रह्महत्या आदि महापाप भी नष्ट हो जाते हैं।*


🌷 *गुप्त नवरात्रि* 🌷 

🙏🏻 *आषाढ़ मास की गुप्त नवरात्रि 06 जुलाई 2024 शनिवार से शुरू हो गई हैं, जो 15 जुलाई, सोमवार तक रहेंगी । नवरात्रि के इन 9 दिनों में देवी के विभिन्न रूपों की पूजा की जाती है। इन नौ दिनों में देवी को विभिन्न प्रकार के भोग भी लगाए जाते हैं। शास्त्रों के अनुसार, इस उपाय से साधक (उपाय करने वाला) की सभी मनोकामनाएं पूरी हो सकती हैं। जानिए किस तिथि पर देवी को किस चीज का भोग लगाना चाहिए-*


➡ *ये हैं गुप्त नवरात्रि के अचूक उपाय*


1⃣ *प्रतिपदा तिथि को माता को घी का भोग लगाएं। इससे रोगी को कष्टों से मुक्ति मिलती हैं एवं शरीर निरोगी होता है।*


2⃣ *द्वितीया तिथि को माता को शक्कर का भोग लगाएं। इससे उम्र लंबी होती है।*


3⃣ *तृतीया तिथि को माता को दूध का भोग लगाएं। इससे सभी प्रकार के दुःखों से मुक्ति मिलती है।*


4⃣ *चतुर्थी तिथि को माता को मालपुआ का भोग लगाएं। इससे समस्याओं का अंत होता है।*


5⃣ *पंचमी तिथि को माता को केले का भोग लगाएं। इससे परिवार में सुख-शांति बनी रहती है।*


6⃣ *षष्ठी तिथि को माता को शहद का भोग लगाएं। इससे धन लाभ होने के योग बनते हैं ।*


7⃣ *सप्तमी तिथि को माता को गुड़ का भोग लगाएं। इससे हर मनोकामना पूरी हो सकती है।*


8⃣ *अष्टमी तिथि को माता को नारियल का भोग लगाएं। इससे  घर में सुख-समुद्वि आती है*


9⃣ *नवमी तिथि को माता को विभिन्न प्रकार के अनाज का भोग लगाएं। इससे वैभव व यश मिलता है।*


🌷 *गुप्त नवरात्रि* 🌷

➡ *आषाढ़ मास की शुक्ल प्रतिपदा से नवमी तिथि तक गुप्त नवरात्रि  का पर्व मनाया जाता है। बहुत कम लोग इस नवरात्रि  के बारे में जानते हैं, इसलिए इसे गुप्त नवरात्रि  कहा जाता है। गुप्त नवरात्रि  में किए गए उपाय जल्दी ही शुभ फल प्रदान कर सकते हैं। धन, नौकरी, स्वास्थ्य, संतान, विवाह, प्रमोशन आदि कई मनोकामनाएं इन 9 दिनों में किए गए उपायों से प्राप्त हो सकते हैं । अगर आपके मन में  कोई मनोकामना है तो आगे बताए गए उपायों से वह पूरी हो सकती है। ये उपाय इस प्रकार हैं-*


💰 *1. धन लाभ के लिए उपाय*

*गुप्त नवरात्रि  के दौरान किसी भी दिन स्नान आदि करने के बाद उत्तर दिशा की ओर मुख करके पीले आसन पर बैठ जाएं। अपने सामने तेल के ९ दीपक जला लें। ये दीपक साधनाकाल तक जलते रहना चाहिए। दीपक के सामने लाल चावल (चावल को रंग लें) की एक ढेरी बनाएं फिर उस पर एक श्रीयंत्र रखकर उसका कुम कुम, फूल, धूप, तथा दीप से पूजन करें।*


➡ *उसके बाद एक प्लेट पर स्वस्तिक बनाकर उसे अपने सामने रखकर उसका पूजन करें। श्रीयंत्र को अपने पूजा स्थल पर स्थापित कर लें और शेष सामग्री को नदी में प्रवाहित कर दें। इस प्रयोग से आपको अचानक धन लाभ होने के योग बन सकते हैं।*


👨🏻👩🏻 *2. शीघ्र विवाह के लिए उपाय*

*गुप्त नवरात्रि  में शिव-पार्वती का एक चित्र अपने पूजास्थल में रखें और उनकी पूजा करने के बाद नीचे लिखे मंत्र का 3, 5 अथवा 10 माला जप करें। जप के बाद भगवान शिव से विवाह में आ रही बाधाओं को दूर करने की प्रार्थना करें-*

*मंत्र- ऊं शं शंकराय सकल-जन्मार्जित-पाप-विध्वंसनाय,*

*पुरुषार्थ-चतुष्टय-लाभाय च पतिं मे देहि कुरु कुरु स्वाहा।।*


👨🏻 *3. मनपसंद वर के लिए उपाय*

*गुप्त नवरात्रि  के दौरान किसी भी दिन अपने पास स्थित शिव मंदिर में जाएं। वहां भगवान शिव एवं मां पार्वती पर जल एवं दूध चढ़ाएं और पंचोपचार (चंदन, पुष्प, धूप, दीप एवं नैवेद्य) से उनका पूजन करें। अब मौली (पूजा में उपयोग किया जाने वाला लाल धागा) से उन दोनों के मध्य गठबंधन करें। अब वहां बैठकर लाल चंदन की माला से इस मंत्र का जप 108 बार करें-*

*हे गौरी शंकरार्धांगी। यथा त्वं शंकर प्रिया।*

*तथा मां कुरु कल्याणी, कान्त कान्तां सुदुर्लभाम्।।*


➡ *इसके बाद तीन महीने तक रोज इसी मंत्र का जप शिव मंदिर में अथवा अपने घर के पूजाकक्ष में मां पार्वती के सामने 108 बार करें। घर पर भी आपको पंचोपचार पूजा करनी है।*


⚜️ *आज का #राशिफल :-*

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*#मेष🐐 (चू, चे, चो, ला, ली, लू, ले, लो, अ)*

आज का दिन प्रतिकूल रहने वाला है। क्रोध ओर अहम की भावना प्रेम सम्बन्धो में खटास लाएगी। वैसे तो आज आप मौन ही रहेंगे परन्तु परिस्थिति वश धैर्य खो देंगे जिससे स्वयजनो से मनमुटाव होगा। कार्य क्षेत्र पर भी आज आशाएं निराशा में बदलेंगी। सोची हुई योजनाएं बीच मे छोड़ने के कारण दुख होगा। सामाजिक क्षेत्र पर भी आपकी किरकिरी हो सकती है। घरेलू आवश्यकताओ में भी कंजूसी के कारण परिजनों से विरोध रहेगा। धन लाभ अल्प परन्तु आकस्मिक रहेगा। धर्म कर्म में आज रुचि कम ही रहेगी।


*#वृष🐂 (ई, ऊ, ए, ओ, वा, वी, वू, वे, वो)*

आज का दिन आनंद दायक रहेगा। घर एव बाहर का वातावरण उत्साह में वृद्धि करने वाला रहेगा। महिलाये गृहस्थ को लेकर आज ज्यादा गंभीर रहेंगी। मांगलिक कार्यक्रमो में उपस्थिति आध्यत्म में निष्ठा बढ़ायेगी। धर्म पुण्य पर खर्च भी करंगे। परन्तु आज अहंकार की भावना मन मे रह सकती है जिससे बंधुजनों से वैचारिक मतभेद रहेंगे। यात्रा टालने पर भी अम्समात करनी पड़ेगी। व्यवसायी वर्ग मेहनत का अधिक फल पाएंगे। विद्यार्थी वर्ग आज उत्पाती रहेंगे। बड़े बुजुर्गों का आशीर्वाद मिलेगा। धन लाभ मध्यम होगा।


*#मिथुन👫 (का, की, कू, घ, ङ, छ, के, को, हा)*

आज का दिन सुख चैन से व्यतीत करेंगे। कार्यो की अपेक्षा आराम को अधिक महत्त्व देंगे। लापरवाही के कारण संभावित लाभ से वंचित रह सकते है। पारिवारिक माहौल कुछ समय के लिए उथल-पुथल हो सकता है लेकिन महिला एवं बुजुर्गो की कुशलता से स्थिति नियंत्रण में रहेगी। स्वास्थ्य बेहतर रहेगा फिर भी कार्यो को धीमी गति से करेंगे। मन पर्यटन प्रवास की ओर आकर्षित रहेगा। संध्या का समय अधिक शान्त रहेगा। आज व्यय बने रहेंगे पर आय खर्च से अधिक रहेगी। महिलाये अधिक कार्यभर से कुछ समय के लिए धैर्य खो सकती है।


*#कर्क🦀 (ही, हू, हे, हो, डा, डी, डू, डे, डो)*

आज अपनी ही गलतियों पर स्वयं हसने के प्रसंग बनेंगे। दिन का अधिकांश समय आलस्य में बीतेगा परन्तु महिलाये इसके विपरीत अधिक व्यस्त रहेंगी। घर मे अव्यवस्था बढ़ने से गुस्सा आएगा। महिलाओं के अधिक बोलने की वृत्ति अशांति फैलाएगी। कार्य व्यवसाय में धन लाभ निश्चित रहेगा केवल आलसी वृति के कारण थोड़ा आगे-पीछे रह सकता है। व्यवसायी कार्य क्षेत्र पर जल्दी ही व्यस्त हो जाएंगे। सामाजिक आयोजनों में जाना पड़ेगा धन खर्च आज बजट से ऊपर होगा। खान-पान में सावधानी बरतें।


*#सिंह🦁 (मा, मी, मू, मे, मो, टा, टी, टू, टे)*

आज के दिन आकस्मिक खर्च आने से आर्थिक उलझने बढ़ेंगी। अधिकांश खर्च भी दिखावे पर रहेंगे। समाज मे स्वयं को अग्र दिखाने का प्रयास करेंगे। धार्मिक क्षेत्र पर भी आडंबर अधिक रहेगा भावनात्मक स्थल पर धार्मिक स्थानों की अपेक्षा अधिक रुचि लेंगे। महिलाये आस्थावान रहेंगी व्यस्त दिनचर्या के कारण शारीरिक शिथिलता बनेगी। मित्रो के साथ हास्य के पल गलतफहमी के कारण अचानक बिगड़ने की सम्भवना है। बाहर के व्यवहार यथा सम्भव सीमित ही रखे। घर के सदस्यों के साथ अधिक समय बिताये। लाभ की अपेक्षा खर्च अधिक रहेगा।


*#कन्या👩 (टो, पा, पी, पू, ष, ण, ठ, पे, पो)*

आज का दिन शुभ फलदायी है। व्यावसायिक एवं सरकारी कार्यो में थोड़े परिश्रम से सफलता पा लेंगे। सरकारी सहायता मिलने की भी उम्मद है। नौकरी वाले जातक थोड़ी दुविधा में रहेंगे कार्य क्षेत्र पर आलस्य फैलाने के कारण किसी से विवाद हो सकता है। आज कार्यो में सफलता निश्चित रहेगी परन्तु आलस्य का त्याग कर मन को एक जगह केंद्रित रखना आवश्यक है। प्रेम प्रसंगों में आसक्ति रहेगी। महिलाये शारीरिक रूप से बेहतर अनुभव करेंगी आकस्मिक क्रोध आने की समस्या भी रहेगी। धर्म-कर्म में समय देंगे।


*#तुला⚖️ (रा, री, रू, रे, रो, ता, ती, तू, ते)*

आज का दिन व्यावसायिक क्षेत्र में वृद्धि कराएगा। धन लाभ में थोड़ा विलम्ब होगा लेकिन संतोष जनक रहेगा। सहकर्मी आपके सनकी मिजाज से चिढ़ सकते है। संबंधो को लेकर आज चंचलता अधिक रहेगी। परिजनों की बात सुनकर अनदेखी करना राग द्वेष को जन्म देगा। मित्र मंडली में अधिक प्रसन्न रहेंगे। महिलाये आर्थिक उलझन सुलझाने में सहयोग करेंगी। नौकरी पेशा जातक आर्थिक मामलों में विलंब से कुछ समय के लिए परेशान होंगे परन्तु किसी की सहायता मिलने से संतोष होगा। 


*#वृश्चिक🦂 (तो, ना, नी, नू, ने, नो, या, यी, यू)*

आज के दिन आप अपनी कार्यशैली को लेकर आलोचना के शिकार होंगे। कार्यो की गति मंद रहने से विलंब से पूर्ण होंगे। आर्थिक रूप से दिन परेशानी वाला रहेगा उधार के कारण मानसिक चिंता बढ़ेगी। मन में कई योजनाएं रहेंगी लेकिन आर्थिक हालात बाधा डालेंगे। पारिवारिक वातावरण में भी कलह क्लेश रहेगा। महिला वर्ग स्वयं को श्रेष्ठ दिखाने की कोशिश करेंगी। आज किसी भी कार्य को सहजता से होने दे जबरदस्ती करने की कोशिश बिगाड़ सकती है।


*#धनु🏹 (ये, यो, भा, भी, भू, ध, फा, ढा, भे)*

आज आप किसी गुप्त आशंका से भयभीत रह सकते है दैनिक कार्य भी इस वजह से प्रभावित रहेंगे। परोपकार करने पर भी आलोचना ही मिलेगी। गृहस्थ के कार्यो में अरुचि दिखाएंगे। लेकिन धर्म कर्म में आज दृढ़ विश्वास रहेगा। धार्मिक क्षेत्र की यात्रा एवं पूजा पाठ का आयोजन करेंगे। गृहस्थ का वातावरण महिला एवं बच्चों के कारण अकस्मात उग्र बनेगा। आसपडोसियो से आज संयमित व्यवहार रखें। कार्य व्यवसाय में मध्यान के आस-पास अचानक उछाल आने से धन के मार्ग प्रशस्त होंगे। सामाजिक क्षेत्र पर ज्यादा सतर्कता बरतें।


*#मकर🐊 (भो, जा, जी, खी, खू, खा, खो, गा, गी)*

आज का दिन कार्यो में विजय दिलाएगा फिर भी कुछ कार्य अधूरे रहने का मलाल भी रहेगा। आज ध्यान रखें जिस भी कार्य को अधूरा छोड़ेंगे उसे पुनः आरम्भ नही कर सकेंगे। काल्पनिक विचार कुछ हद तक साकार करने का दिन है इसका लाभ उठाएं। शारीरिक समस्याएं बीच मे थोड़ा परेशान कर सकती है। आलस्य के कारण काम से भागेंगे। परिवार में आज इच्छापूर्ति ना करने पर मतभेद बनेगा। संताने नाराज रहेंगी परन्तु महिलाये आपसे भावनात्मक सबन्ध रखेंगी। धार्मिक कार्यो में भी आलस्य दिखाएंगे।


*#कुंभ🍯 (गू, गे, गो, सा, सी, सू, से, सो, दा)*

आज दिन का पहला भाग सभी प्रकार से निराशाजनक रहेगा। जिस भी कार्य को करने का मन बनाएंगे उसी में विलंब होगा। इस अवधि में  किसी से सहयोग की भी अपेक्षा ना रखें स्वय ही परिश्रम करना पड़ेगा इसका फल दोपहर बाद स्थिति अनुकूल बनने पर अवश्य मिलेगा। संध्या तक संतोषजनक धन की प्राप्ति हो जाएगी। आर्थिक एवं पारिवारिक स्थिति बेहतर बनेगी। घर मे महिलाओं का अपेक्षित सुख मिलेगा। बाहर घूमने का आनंद लेंगे। खर्च अकस्मात होंगे पर आवश्यक कार्यो पर ही। सभी जगह निर्भय होकर व्यवहार करेंगे।


*#मीन🐳 (दी, दू, थ, झ, ञ, दे, दो, चा, ची)*

आज के दिन आप व्यर्थ की चिन्ताओ का बोझ लेकर घूमेंगे। व्यवसायी वर्ग कार्यो के परिणाम जानते हुए भी मानसिक द्वंद में फंसे रहेंगे। कार्य क्षेत्र पर अधीनस्थों का उद्दण्ड व्यवहार गतिरोध लाएगा। नौकरी पेशा जातक आज आराम में अधिक समय बितायेंगे आलस्य के कारण घरेलू कार्य लटके रहेंगे। महिलाओं से प्रेमपूर्ण व्यवहार रहेगा। प्रेम प्रसंगों में अनिश्चितता रहेगी। घर के बुजुर्ग से किसी महत्त्वपूर्ण विषय मे मार्गदर्शन भविष्य में लाभ कराएगा। धन लाभ आज ठीक ठाक रहेगा।


🌐 अपका दिन मंगलमय हो।


हर हर महादेव 🚩

Saturday, July 6, 2024

*आषाढ गुप्त नवरात्रि विशेष*

  *आषाढ गुप्त नवरात्रि विशेष* 

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आसाढ मास में मनाई जाने वाली गुप्त नवरात्रि इस बार प्रतिपदा 06 जुलाई शनिवार से शुरू होंगी और 15 जुलाई सोमवार तक रहेगी। इस वर्ष नवरात्रि का पर्व 10 दिन मनाया जाएगा। पुराणों की मान्यता के अनुसार गुप्त नवरात्रि में मां दुर्गे की 10 महाविद्याओं की पूजा की जाती है। वर्ष में 4 नवरात्रि आती हैं जिसमें दो प्रत्यक्ष और दो अप्रत्यक्ष। बता दें, अप्रत्यक्ष नवरात्रि को ही गुप्त नवरात्रि कहा जाता है। प्रत्यक्ष तौर पर चैत्र और आश्विन की महीने में मनाई जाती हैं, और अप्रत्यक्ष यानी कि गुप्त आषाढ़ और माघ मास में मनाई जाती हैं।


गुप्त नवरात्रि में साधक गुप्त साधनाएं करने शमशान व गुप्त स्थान पर जाते हैं। नवरात्रों में लोग अपनी आध्यात्मिक और मानसिक शक्तियों में वृद्धि करने के लिये अनेक प्रकार के उपवास, संयम, नियम, भजन, पूजन योग साधना आदि करते हैं। सभी नवरात्रों में माता के सभी 51पीठों पर भक्त विशेष रुप से माता के दर्शनों के लिये एकत्रित होते हैं। माघ एवं आषाढ मास की नवरात्रि को गुप्त नवरात्रि कहते हैं, क्योंकि इसमें गुप्त रूप से शिव व शक्ति की उपासना की जाती है जबकि चैत्र व शारदीय नवरात्रि में सार्वजिनक रूप में माता की भक्ति करने का विधान है । आषाढ़ मास की गुप्त नवरात्रि में जहां वामाचार उपासना की जाती है । वहीं माघ मास की गुप्त नवरात्रि में वामाचार पद्धति को अधिक मान्यता नहीं दी गई है। ग्रंथों के अनुसार माघ मास के शुक्ल पक्ष का भी विशेष महत्व है।


जयन्ती मङ्गला काली भद्रकाली कपालिनी।

दुर्गा क्षमा शिवा धात्री स्वाहा स्वधा नमोऽस्तु ते।


“सर्वाबाधाविनिर्मुक्तो धनधान्यसुतान्वित:।

मनुष्यो मत्प्रसादेन भविष्यति न संशय: ॥”


प्रत्यक्ष फल देते हैं गुप्त नवरात्र

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गुप्त नवरात्र में दशमहाविद्याओं की साधना कर ऋषि विश्वामित्र अद्भुत शक्तियों के स्वामी बन गए। उनकी सिद्धियों की प्रबलता का अनुमान इसी बात से लगाया जा सकता है कि उन्होंने एक नई सृष्टि की रचना तक कर डाली थी । इसी तरह, लंकापति रावण के पुत्र मेघनाद ने अतुलनीय शक्तियां प्राप्त करने के लिए गुप्त नवरात्रों में साधना की थी शुक्राचार्य ने मेघनाद को परामर्श दिया था कि गुप्त नवरात्रों में अपनी कुलदेवी निकुम्बाला की साधना करके वह अजेय बनाने वाली शक्तियों का स्वामी बन सकता है…गुप्त नवरात्र दस महाविद्याओं की साधना की जाती है। गुप्त नवरात्रों से एक प्राचीन कथा जुड़ी हुई है एक समय ऋषि श्रृंगी भक्त जनों को दर्शन दे रहे थे अचानक भीड़ से एक स्त्री निकल कर आई और करबद्ध होकर ऋषि श्रृंगी से बोली कि मेरे पति दुर्व्यसनों से सदा घिरे रहते हैं। जिस कारण मैं कोई पूजा-पाठ नहीं कर पाती धर्म और भक्ति से जुड़े पवित्र कार्यों का संपादन भी नहीं कर पाती। यहां तक कि ऋषियों को उनके हिस्से का अन्न भी समर्पित नहीं कर पाती मेरा पति मांसाहारी हैं, जुआरी है । लेकिन मैं मां दुर्गा कि सेवा करना चाहती हूं। उनकी भक्ति साधना से जीवन को पति सहित सफल बनाना चाहती हूं। ऋषि श्रृंगी महिला के भक्तिभाव से बहुत प्रभावित हुए। ऋषि ने उस स्त्री को आदरपूर्वक उपाय बताते हुए कहा कि वासंतिक और शारदीय नवरात्रों से तो आम जनमानस परिचित है लेकिन इसके अतिरिक्त दो नवरात्र और भी होते हैं । जिन्हें गुप्त नवरात्र कहा जाता है प्रकट नवरात्रों में नौ देवियों की उपासना हाती है और गुप्त नवरात्रों में दस महाविद्याओं की साधना की जाती है । इन नवरात्रों की प्रमुख देवी स्वरुप का नाम सर्वैश्वर्यकारिणी देवी है । यदि इन गुप्त नवरात्रों में कोई भी भक्त माता दुर्गा की पूजा साधना करता है तो मां उसके जीवन को सफल कर देती हैं । लोभी, कामी, व्यसनी, मांसाहारी अथवा पूजा पाठ न कर सकने वाला भी यदि गुप्त नवरात्रों में माता की पूजा करता है तो उसे जीवन में कुछ और करने की आवश्यकता ही नहीं रहती । उस स्त्री ने ऋषि श्रृंगी के वचनों पर पूर्ण श्रद्धा करते हुए गुप्त नवरात्र की पूजा की मां प्रसन्न हुई और उसके जीवन में परिवर्तन आने लगा, घर में सुख शांति आ गई । पति सन्मार्ग पर आ गया और जीवन माता की कृपा से खिल उठा । यदि आप भी एक या कई तरह के दुर्व्यसनों से ग्रस्त हैं और आपकी इच्छा है कि माता की कृपा से जीवन में सुख समृद्धि आए तो गुप्त नवरात्र की साधना अवश्य करें । तंत्र और शाक्त मतावलंबी साधना के दृष्टि से गुप्त नवरात्रों के कालखंड को बहुत सिद्धिदायी मानते हैं। मां वैष्णो देवी, पराम्बा देवी और कामाख्या देवी का का अहम् पर्व माना जाता है। हिंगलाज देवी की सिद्धि के लिए भी इस समय को महत्त्वपूर्ण माना जाता है। शास्त्रों के अनुसार दस महाविद्याओं को सिद्ध करने के लिए ऋषि विश्वामित्र और ऋषि वशिष्ठ ने बहुत प्रयास किए लेकिन उनके हाथ सिद्धि नहीं लगी । वृहद काल गणना और ध्यान की स्थिति में उन्हें यह ज्ञान हुआ कि केवल गुप्त नवरात्रों में शक्ति के इन स्वरूपों को सिद्ध किया जा सकता है। गुप्त नवरात्रों में दशमहाविद्याओं की साधना कर ऋषि विश्वामित्र अद्भुत शक्तियों के स्वामी बन गए उनकी सिद्धियों की प्रबलता का अनुमान इसी बात से लगाया जा सकता है कि उन्होंने एक नई सृष्टि की रचना तक कर डाली थी । इसी तरह, लंकापति रावण के पुत्र मेघनाद ने अतुलनीय शक्तियां प्राप्त करने के लिए गुप्त नवरात्र में साधना की थी शुक्राचार्य ने मेघनाद को परामर्श दिया था कि गुप्त नवरात्रों में अपनी कुल देवी निकुम्बाला कि साधना करके वह अजेय बनाने वाली शक्तियों का स्वामी बन सकता है मेघनाद ने ऐसा ही किया और शक्तियां हासिल की राम, रावण युद्ध के समय केवल मेघनाद ने ही भगवान राम सहित लक्ष्मण जी को नागपाश मे बांध कर मृत्यु के द्वार तक पहुंचा दिया था ऐसी मान्यता है कि यदि नास्तिक भी परिहासवश इस समय मंत्र साधना कर ले तो उसका भी फल सफलता के रूप में अवश्य ही मिलता है । यही इस गुप्त नवरात्र की महिमा है यदि आप मंत्र साधना, शक्ति साधना करना चाहते हैं और काम-काज की उलझनों के कारण साधना के नियमों का पालन नहीं कर पाते तो यह समय आपके लिए माता की कृपा ले कर आता है गुप्त नवरात्रों में साधना के लिए आवश्यक न्यूनतम नियमों का पालन करते हुए मां शक्ति की मंत्र साधना कीजिए । गुप्त नवरात्र की साधना सभी मनोकामनाएं पूरी करती हैं गुप्त नवरात्र के बारे में यह कहा जाता है कि इस कालखंड में की गई साधना निश्चित ही फलवती होती है। इस समय की जाने वाली साधना की गुप्त बनाए रखना बहुत आवश्यक है। अपना मंत्र और देवी का स्वरुप गुप्त बनाए रखें। गुप्त नवरात्र में शक्ति साधना का संपादन आसानी से घर में ही किया जा सकता है। इस महाविद्याओं की साधना के लिए यह सबसे अच्छा समय होता है गुप्त व चामत्कारिक शक्तियां प्राप्त करने का यह श्रेष्ठ अवसर होता है। धार्मिक दृष्टि से हम सभी जानते हैं कि नवरात्र देवी स्मरण से शक्ति साधना की शुभ घड़ी है। दरअसल इस शक्ति साधना के पीछे छुपा व्यावहारिक पक्ष यह है कि नवरात्र का समय मौसम के बदलाव का होता है। आयुर्वेद के मुताबिक इस बदलाव से जहां शरीर में वात, पित्त, कफ में दोष पैदा होते हैं, वहीं बाहरी वातावरण में रोगाणु जो अनेक बीमारियों का कारण बनते हैं सुखी-स्वस्थ जीवन के लिये इनसे बचाव बहुत जरूरी है नवरात्र के विशेष काल में देवी उपासना के माध्यम से खान-पान, रहन-सहन और देव स्मरण में अपनाने गए संयम और अनुशासन तन व मन को शक्ति और ऊर्जा देते हैं जिससे इंसान निरोगी होकर लंबी आयु और सुख प्राप्त करता है धर्म ग्रंथों के अनुसार गुप्त नवरात्र में प्रमुख रूप से भगवान शंकर व देवी शक्ति की आराधना की जाती है। 


देवी दुर्गा शक्ति का साक्षात स्वरूप है दुर्गा शक्ति में दमन का भाव भी जुड़ा है । यह दमन या अंत होता है शत्रु रूपी दुर्गुण, दुर्जनता, दोष, रोग या विकारों का ये सभी जीवन में अड़चनें पैदा कर सुख-चैन छीन लेते हैं । यही कारण है कि देवी दुर्गा के कुछ खास और शक्तिशाली मंत्रों का देवी उपासना के विशेष काल में जाप शत्रु, रोग, दरिद्रता रूपी भय बाधा का नाश करने वाला माना गया है सभी’नवरात्र’ शुक्ल पक्ष की प्रतिपदा से लेकर नवमी तक किए जाने वाले पूजन, जाप और उपवास का प्रतीक है- ‘नव शक्ति समायुक्तां नवरात्रं तदुच्यते’ । देवी पुराण के अनुसार एक वर्ष में चार माह नवरात्र के लिए निश्चित हैं। 


नवरात्र के नौ दिनों तक समूचा परिवेश श्रद्धा व भक्ति, संगीत के रंग से सराबोर हो उठता है। धार्मिक आस्था के साथ नवरात्र भक्तों को एकता, सौहार्द, भाईचारे के सूत्र में बांधकर उनमें सद्भावना पैदा करता है शाक्त ग्रंथो में गुप्त नवरात्रों का बड़ा ही माहात्म्य गाया गया है। मानव के समस्त रोग-दोष व कष्टों के निवारण के लिए गुप्त नवरात्र से बढ़कर कोई साधनाकाल नहीं हैं। श्री, वर्चस्व, आयु, आरोग्य और धन प्राप्ति के साथ ही शत्रु संहार के लिए गुप्त नवरात्र में अनेक प्रकार के अनुष्ठान व व्रत-उपवास के विधान शास्त्रों में मिलते हैं।  इन अनुष्ठानों के प्रभाव से मानव को सहज ही सुख व अक्षय ऐश्वर्य की प्राप्ति होती है ‘दुर्गावरिवस्या’ नामक ग्रंथ में स्पष्ट लिखा है कि साल में दो बार आने वाले गुप्त नवरात्रों में माघ में पड़ने वाले गुप्त नवरात्र मानव को न केवल आध्यात्मिक बल ही प्रदान करते हैं, बल्कि इन दिनों में संयम-नियम व श्रद्धा के साथ माता दुर्गा की उपासना करने वाले व्यक्ति को अनेक सुख व साम्राज्य भी प्राप्त होते हैं । ‘शिवसंहिता’ के अनुसार ये नवरात्र भगवान शंकर और आदिशक्ति मां पार्वती की उपासना के लिए भी श्रेष्ठ हैं। गुप्त नवरात्रों के साधनाकाल में मां शक्ति का जप, तप, ध्यान करने से जीवन में आ रही सभी बाधाएं नष्ट होने लगती हैं। 

                         

देहि सौभाग्यमारोग्यं देहि मे परमं सुखम् ।

रूपं देहि जयं देहि यशो देहि द्विषो जहि ॥

          

देवी भागवत के अनुसार जिस तरह वर्ष में चार बार नवरात्र आते हैं और जिस प्रकार नवरात्रि में देवी के नौ रूपों की पूजा की जाती है । ठीक उसी प्रकार गुप्त नवरात्र में दस महाविद्याओं की साधना की जाती है। 


गुप्त नवरात्रि विशेषकर तांत्रिक क्रियाएं, शक्ति साधना, महाकाल आदि से जुड़े लोगों के लिए विशेष महत्त्व रखती है । इस दौरान देवी भगवती के साधक बेहद कड़े नियम के साथ व्रत और साधना करते हैं। इस दौरान लोग लंबी साधना कर दुर्लभ शक्तियों की प्राप्ति करने का प्रयास करते हैं। गुप्त नवरात्र के दौरान कई साधक महाविद्या (तंत्र साधना) के लिए मां काली, तारा देवी, त्रिपुर सुंदरी, भुवनेश्वरी, माता छिन्नमस्ता, त्रिपुर भैरवी, मां ध्रूमावती, माता बगलामुखी, मातंगी और कमला देवी की पूजा करते हैं। मान्यता है कि नवरात्र में महाशक्ति की पूजा कर श्रीराम ने अपनी खोई हुई शक्ति पाई। इसलिए इस समय आदिशक्ति की आराधना पर विशेष बल दिया गया है। संस्कृत व्याकरण के अनुसार नवरात्रि कहना त्रुटिपूर्ण हैं। नौ रात्रियों का समाहार, समूह होने के कारण से द्वन्द समास होने के कारण यह शब्द पुलिंग रूप 'नवरात्र' में ही शुद्ध है।


गुप्त नवरात्र पूजा विधि

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घट स्थापना, अखंड ज्योति प्रज्ज्‍वलित करना व जवारे स्थापित करना-श्रद्धालुगण अपने सामर्थ्य के अनुसार उपर्युक्त तीनों ही कार्यों से नवरात्रि का प्रारंभ कर सकते हैं अथवा क्रमश: एक या दो कार्यों से भी प्रारम्भ किया जा सकता है। यदि यह भी संभव नहीं तो केवल घट स्थापना से देवी पूजा का प्रारंभ किया जा सकता है।


मान्यतानुसार गुप्त नवरात्र के दौरान अन्य नवरात्रों की तरह ही पूजा करनी चाहिए। नौ दिनों के उपवास का संकल्प लेते हुए प्रतिप्रदा यानि पहले दिन घटस्थापना करनी चाहिए। घटस्थापना के बाद प्रतिदिन सुबह और शाम के समय मां दुर्गा की पूजा करनी चाहिए। अष्टमी या नवमी के दिन कन्या पूजन के साथ नवरात्र व्रत का उद्यापन करना चाहिए।


गुप्तनवरात्री पूजा तिथि

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प्रतिपदा तिथि 

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6 जुलाई 2024) 👉 सोमवार, माँ काली

और माँ शैलपुत्री पूजा घटस्थापना।


कलश स्थापना मुहूर्त👉

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घटस्थापना मुहूर्त 👉 6 जुलाई 2024 को प्रातः 05:27 से 10:05 तक रहेगा इसके बाद 


अभिजित मुहूर्त में कलश स्थापना दिन 11:55 मिनट से 12:50 मिनट तक कर सकेंगे।


द्वितीया, 7 जुलाई  👉 माँ तारा और माँ ब्रह्मचारिणी पूजन,।


तृतीया, 8 जुलाई 👉 माँ त्रिपुरसुंदरी और माँ चंद्रघंटा पूजा।


तृतीया, 9 जुलाई 👉माँ भुवनेश्वरी माँ कुष्मांडा पूजन।


चतुर्थी 10 जुलाई 👉 माँ छिन्नमस्ता और माँ स्कन्द की पूजा।


पंचमी 11 जुलाई 👉  मां त्रिपुर भैरवी और माँ कात्यायनी पूजन।


षष्ठी 12 जुलाई 👉 माँ धूमावतीमां और माँ कालरात्रि पूजन, संक्रान्ति।


सप्तमी 13 जुलाई 👉मां बगलामुखी और मां महागौरी पूजन। 


अष्टमी, 14 जुलाई 👉 मां मतांगी और मां सिद्धिदात्री पूजन, गुप्त नवरात्रि पूर्ण, नवरात्रि पारण।


नवमी 15 जुलाई 👉 माँ कमला पूजन गुप्त नवरात्री पारण।


नवरात्रि में दस महाविद्या पूजा

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पहला दिन- मां काली👉  गुप्त नवरात्रि के पहले दिन मां काली की पूजा के दौरान उत्तर दिशा की ओर मुंह करके काली हकीक माला से पूजा करनी है. इस दिन काली माता के साथ आप भगवान कृष्ण की पूजा करनी चाहिए. ऐसा करने से आपकी किस्मत चमक जाएगी. शनि के प्रकोप से भी छुटकारा मिल जाएगा. नवरात्रि में पहले दिन दिन मां काली को अर्पित होते हैं वहीं बीच के तीन दिन मां लक्ष्मी को अर्पित होते हैं और अंत के तीन दिन मां सरस्वति को अर्पित होते हैं.

मां काली की पूजा में मंत्रों का उच्चारण करना है।


मंत्र- क्रीं ह्रीं काली ह्रीं क्रीं स्वाहा।

 

ऊँ क्रीं क्रीं क्रीं दक्षिणे कालिके क्रीं क्रीं क्रीं स्वाहा।


दूसरी महाविद्या👉  मां तारा- दूसरे दिन मां तारा की पूजा की जाती है. इस पूजा को बुद्धि और संतान के लिये किया जाता है. इस दिन एमसथिस्ट व नीले रंग की माला का जप करने हैं।


मंत्र- ऊँ ह्रीं स्त्रीं हूं फट।


तीसरी महाविद्या👉  मां त्रिपुरसुंदरी और मां शोडषी पूजा- अच्छे व्यक्ति व निखरे हुए रूप के लिये इस दिन मां त्रिपुरसुंदरी की पूजा की जाती है. इस दिन बुध ग्रह के लिये पूजा की जाती है. इस दिन रूद्राक्ष की माला का जप करना चाहिए।


मंत्र- ऊँ ऐं ह्रीं श्रीं त्रिपुर सुंदरीये नम:।


चौथी महाविद्या👉  मां भुवनेश्वरी पूजा- इस दिन मोक्ष और दान के लिए पूजा की जाती है. इस दिन विष्णु भगवान की पूजा करना काफी शुभ होगा. चंद्रमा ग्रह संबंधी परेशानी के लिये इस पूजा की जाती है।


मंत्र- ह्रीं भुवनेश्वरीय ह्रीं नम:।


ऊं ऐं ह्रीं श्रीं नम:।


पांचवी महाविद्या👉  माँ छिन्नमस्ता- नवरात्रि के पांचवे दिन माँ छिन्नमस्ता की पूजा होती है. इस दिन पूजा करने से शत्रुओं और रोगों का नाश होता है. इस दिन रूद्राक्ष माला का जप करना चाहिए. अगर किसी का वशीकरण करना है तो उस दौरान इस पूजा करना होता है. राहू से संबंधी किसी भी परेशानी से छुटकारा मिलता है. इस दिन मां को पलाश के फूल चढ़ाएं।


मंत्र- श्रीं ह्रीं क्लीं ऐं वज्र वैररोचनिए हूं हूं फट स्वाहा।


छठी महाविद्या👉  मां त्रिपुर भैरवी पूजा- इस दिन नजर दोष व भूत प्रेत संबंधी परेशानी को दूर करने के लिए पूजा करनी होती है. मूंगे की माला से पूजा करें. मां के साथ बालभद्र की पूजा करना और भी शुभ होगा. इस दिन जन्मकुंडली में लगन में अगर कोई दोष है तो वो सभ दूर होता है।


मंत्र- ऊँ ह्रीं भैरवी क्लौं ह्रीं स्वाहा।


सांतवी महाविद्या👉  मां धूमावती पूजा- इस दिन पूजा करने से द्ररिता का नाश होता है. इस दिन हकीक की माला का पूजा करें।


मंत्र- धूं धूं धूमावती दैव्ये स्वाहा।


आंठवी महाविद्या👉  मां बगलामुखी- माँ बगलामुखी की पूजा करने से कोर्ट-कचहरी और नौकरी संबंधी परेशानी दूर हो जाती है. इस दिन पीले कपड़े पहन कर हल्दी माला का जप करना है. अगर आप की कुंडली में मंगल संबंधी कोई परेशानी है तो मा बगलामुखी की कृपा जल्द ठीक हो जाएगा।


मंत्र-ऊँ ऐं ह्रीं श्रीं बगलामुखी सर्वदृष्टानां मुखं, पदम् स्तम्भय जिव्हा कीलय, शत्रु बुद्धिं विनाशाय ह्रलीं ऊँ स्वाहा।


नौवीं महाविद्या👉  मां मतांगी- मां मतांगी की पूजा धरती की ओर और मां कमला की पूजा आकाश की ओर मुंह करके पूजा करनी चाहिए. इस दिन पूजा करने से प्रेम संबंधी परेशानी का नाश होता है. बुद्धि संबंधी के लिये भी मां मातंगी पूजा की जाती है।


मंत्र- क्रीं ह्रीं मातंगी ह्रीं क्रीं स्वाहा।


दसवी महाविद्या👉 मां कमला- मां कमला की पूजा आकाश की ओर मुख करके पूजा करनी चाहिए. दरअसल गुप्त नवरात्रि के नौंवे दिन दो देवियों की पूजा करनी होती है।


मंत्र- क्रीं ह्रीं कमला ह्रीं क्रीं स्वाहा


नौ दिनों तक चलने वाले इस पर्व का समापन पूर्णाहुति हवन एवं कन्याभोज कराकर किया जाना चाहिए।  पूर्णाहुति हवन दुर्गा सप्तशती के मन्त्रों से किए जाने का विधान है किन्तु यदि यह संभव ना हो तो देवी के  'नवार्ण मंत्र', 'सिद्ध कुंजिका स्तोत्र' अथवा 'दुर्गाअष्टोत्तरशतनाम स्तोत्र' से हवन संपन्न करना श्रेयस्कर रहता  है।

 

लग्न अनुसार घटस्थापना का फल

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देवी पूजा में शुद्ध मुहूर्त एवं सही व शास्त्रोक्त पूजन विधि का बहुत महत्व है। शास्त्रों में विभिन्न लग्नानुसार घट स्थापना का फल बताया गया है।

 

1. मेष लग्न - धन लाभ


2. वृष लग्न - कष्ट


3. मिथुन लग्न - संतान को कष्ट


4. कर्क लग्न - सिद्धि


5. सिंह लग्न - बुद्धि नाश


6. कन्या लग्न - लक्ष्मी प्राप्ति


7. तुला लग्न - ऐश्वर्य प्राप्ति


8. वृश्चिक लग्न - धन लाभ


9. धनु लग्न - मान भंग


10. मकर लग्न - पुण्यप्रद


11. कुंभ लग्न - धन-समृद्धि की प्राप्ति


12. मीन लग्न - हानि एवं दुःख की प्राप्ति होती है।


मेष राशि👉  इस राशि के लोगों को स्कंदमाता की पूजा करनी चाहिए। दुर्गा सप्तशती या दुर्गा चालीसा का पाठ करें।


वृषभ राशि👉  इस राशि के लोग देवी के महागौरी स्वरुप की पूजा करें व ललिता सहस्त्रनाम का पाठ करें।


मिथुन राशि👉 इस राशि के लोग देवी यंत्र स्थापित कर मां ब्रह्मचारिणी की पूजा करें। इससे इन्हें लाभ होगा।


कर्क राशि👉  इस राशि के लोगों को मां शैलपुत्री की उपासना करनी चाहिए। लक्ष्मी सहस्त्रनाम का पाठ भी करें।

 

सिंह राशि👉  इस राशि के लोगों के लिए मां कूष्मांडा की पूजा विशेष फल देने वाली है। दुर्गा मन्त्रों का जाप करें।


कन्या राशि👉  इस राशि के लोग मां ब्रह्मचारिणी की पूजा करें। लक्ष्मी मंत्रो का विधि-विधान पूर्वक जाप करें।


तुला राशि👉  इस राशि के लोगों को महागौरी की पूजा से लाभ होता है। काली चालीसा का पाठ करें।


वृश्चिक राशि👉  स्कंदमाता की पूजा से इस राशि वालों को शुभ फल मिलते हैं। दुर्गा सप्तशती का पाठ करें।


धनु राशि👉  इस राशि के लोग मां चंद्रघंटा की आराधना करें। साथ ही उनके मन्त्रों का विधि-विधान से जाप करें।


मकर राशि👉 इस राशि वालों के लिए मां काली की पूजा शुभ मानी गई है। नर्वाण मन्त्रों का जाप करें।


कुंभ राशि👉  इस राशि के लोग मां कालरात्रि की पूजा करें। नवरात्रि के दौरान रोज़ देवी कवच का पाठ करें।


मीन राशि👉  इस राशि वाले मां चंद्रघंटा की पूजा करें। हल्दी की माला से बगलामुखी मंत्रो का जाप भी करें।


*ॐ नमो निखिलेश्वराय महाकाल्यै महाकालाय स्वाहा*

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7 July 2024

 🕉️ *~ वैदिक पंचांग ~* 🕉️

🌤️ *दिनांक -07 जुलाई 2024*


🌤️ *दिन - रविवार*

🌤️ *विक्रम संवत - 2081 (गुजरात-महाराष्ट्र अनुसार  2080)*

🌤️ *शक संवत - 1946*

🌤️ *अयन - दक्षिणायन*

🌤️ *ऋतु - वर्षा ऋतु* 

🌤️ *मास - आषाढ*

🌤️ *पक्ष - शुक्ल* 

🌤️ *तिथि - द्वितीया 08 जुलाई प्रातः 04:59 तक तत्पश्चात तृतीया*

🌤️ *नक्षत्र - पुष्य 08 जुलाई प्रातः 06:3 तक तत्पश्चात अश्लेशा*

🌤️ *योग - हर्षण 08 जुलाई रात्रि 02:13 तक तत्पश्चात वज्र*

🌤️ *राहुकाल - शाम 05:44 से शाम 07:25 तक*

🌞 *सूर्योदय - 06:03*

🌤️ *सूर्यास्त - 19:23*

👉 *दिशाशूल - पश्चिम दिशा में*

🚩 *व्रत पर्व विवरण - भगवान जगन्नाथ रथयात्रा, चंद्र-दर्शन (रात्रि 07:17 से 08:38 तक), रविपुष्यामृत योग (सूर्योदय से 08 जुलाई सूर्योदय तक)*

💥 *विशेष - द्वितीया को बृहती (छोटा बैगन या कटेहरी) खाना निषिद्ध है। (ब्रह्मवैवर्त पुराण, ब्रह्म खंडः 27.29-34)*

*💥 रविवार के दिन स्त्री-सहवास तथा तिल का तेल खाना और लगाना निषिद्ध है। (ब्रह्मवैवर्त पुराण, ब्रह्म खंडः 27.29-38)*

💥 *रविवार के दिन मसूर की दाल, अदरक और लाल रंग का साग नहीं खाना चाहिए।(ब्रह्मवैवर्त पुराण, श्रीकृष्ण खंडः 75.90)*

💥 *रविवार के दिन काँसे के पात्र में भोजन नहीं करना चाहिए।(ब्रह्मवैवर्त पुराण, श्रीकृष्ण खंडः 75)*

💥 *स्कंद पुराण के अनुसार रविवार के दिन बिल्ववृक्ष का पूजन करना चाहिए। इससे ब्रह्महत्या आदि महापाप भी नष्ट हो जाते हैं।*

          🕉️ *~ वैदिक पंचांग ~* 🕉️


🌷 *गुप्त नवरात्रि* 🌷 

🙏🏻 *आषाढ़ मास की गुप्त नवरात्रि 06 जुलाई 2024 शनिवार से शुरू हो गई हैं, जो 15 जुलाई, सोमवार तक रहेंगी । नवरात्रि के इन 9 दिनों में देवी के विभिन्न रूपों की पूजा की जाती है। इन नौ दिनों में देवी को विभिन्न प्रकार के भोग भी लगाए जाते हैं। शास्त्रों के अनुसार, इस उपाय से साधक (उपाय करने वाला) की सभी मनोकामनाएं पूरी हो सकती हैं। जानिए किस तिथि पर देवी को किस चीज का भोग लगाना चाहिए-*

➡ *ये हैं गुप्त नवरात्रि के अचूक उपाय*

1⃣ *प्रतिपदा तिथि को माता को घी का भोग लगाएं। इससे रोगी को कष्टों से मुक्ति मिलती हैं एवं शरीर निरोगी होता है।*

2⃣ *द्वितीया तिथि को माता को शक्कर का भोग लगाएं। इससे उम्र लंबी होती है।*

3⃣ *तृतीया तिथि को माता को दूध का भोग लगाएं। इससे सभी प्रकार के दुःखों से मुक्ति मिलती है।*

4⃣ *चतुर्थी तिथि को माता को मालपुआ का भोग लगाएं। इससे समस्याओं का अंत होता है।*

5⃣ *पंचमी तिथि को माता को केले का भोग लगाएं। इससे परिवार में सुख-शांति बनी रहती है।*

6⃣ *षष्ठी तिथि को माता को शहद का भोग लगाएं। इससे धन लाभ होने के योग बनते हैं ।*

7⃣ *सप्तमी तिथि को माता को गुड़ का भोग लगाएं। इससे हर मनोकामना पूरी हो सकती है।*

8⃣ *अष्टमी तिथि को माता को नारियल का भोग लगाएं। इससे घर में सुख-समुद्वि आती है*

9⃣ *नवमी तिथि को माता को विभिन्न प्रकार के अनाज का भोग लगाएं। इससे वैभव व यश मिलता है।*

         🕉️ *~ वैदिक पंचांग ~* 🕉️


🌷 *गुप्त नवरात्रि* 🌷

➡ *आषाढ़ मास की शुक्ल प्रतिपदा से नवमी तिथि तक गुप्त नवरात्रि  का पर्व मनाया जाता है। बहुत कम लोग इस नवरात्रि के बारे में जानते हैं, इसलिए इसे गुप्त नवरात्रि  कहा जाता है। गुप्त नवरात्रि  में किए गए उपाय जल्दी ही शुभ फल प्रदान कर सकते हैं। धन, नौकरी, स्वास्थ्य, संतान, विवाह, प्रमोशन आदि कई मनोकामनाएं इन 9 दिनों में किए गए उपायों से प्राप्त हो सकते हैं । अगर आपके मन में  कोई मनोकामना है तो आगे बताए गए उपायों से वह पूरी हो सकती है। ये उपाय इस प्रकार हैं-*

💰 *1. धन लाभ के लिए उपाय*

*गुप्त नवरात्रि  के दौरान किसी भी दिन स्नान आदि करने के बाद उत्तर दिशा की ओर मुख करके पीले आसन पर बैठ जाएं। अपने सामने तेल के ९ दीपक जला लें। ये दीपक साधनाकाल तक जलते रहना चाहिए। दीपक के सामने लाल चावल (चावल को रंग लें) की एक ढेरी बनाएं फिर उस पर एक श्रीयंत्र रखकर उसका कुम कुम, फूल, धूप, तथा दीप से पूजन करें।*

➡ *उसके बाद एक प्लेट पर स्वस्तिक बनाकर उसे अपने सामने रखकर उसका पूजन करें। श्रीयंत्र को अपने पूजा स्थल पर स्थापित कर लें और शेष सामग्री को नदी में प्रवाहित कर दें। इस प्रयोग से आपको अचानक धन लाभ होने के योग बन सकते हैं।*

👨🏻👩🏻 *2. शीघ्र विवाह के लिए उपाय*

*गुप्त नवरात्रि में शिव-पार्वती का एक चित्र अपने पूजास्थल में रखें और उनकी पूजा करने के बाद नीचे लिखे मंत्र का 3, 5 अथवा 10 माला जप करें। जप के बाद भगवान शिव से विवाह में आ रही बाधाओं को दूर करने की प्रार्थना करें-*

🌷 *मंत्र- ऊं शं शंकराय सकल-जन्मार्जित-पाप-विध्वंसना,*

*पुरुषार्थ-चतुष्टय-लाभाय च पतिं मे देहि कुरु कुरु स्वाहा।।*

👨🏻 *3. मनपसंद वर के लिए उपाय*

*गुप्त नवरात्रि  के दौरान किसी भी दिन अपने पास स्थित शिव मंदिर में जाएं। वहां भगवान शिव एवं मां पार्वती पर जल एवं दूध चढ़ाएं और पंचोपचार (चंदन, पुष्प, धूप, दीप एवं नैवेद्य) से उनका पूजन करें। अब मौली (पूजा में उपयोग किया जाने वाला लाल धागा) से उन दोनों के मध्य गठबंधन करें। अब वहां बैठकर लाल चंदन की माला से इस मंत्र का जप 108 बार करें-*

🌷 *हे गौरी शंकरार्धांगी। यथा त्वं शंकर प्रिया।*

*तथा मां कुरु कल्याणी, कान्त कान्तां सुदुर्लभाम्।।*

➡ *इसके बाद तीन महीने तक रोज इसी मंत्र का जप शिव मंदिर में अथवा अपने घर के पूजाकक्ष में मां पार्वती के सामने 108 बार करें। घर पर भी आपको पंचोपचार पूजा करनी है।*

➡️ *शेष कल...*



               🕉️ *~ वैदिक पंचांग ~* 🕉️

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*⚜️ आज का राशिफल ⚜️*

*दिनांक : 07 जुलाई 2024*


🐐🐂💏💮🐅👩

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मेष🐐 (चू, चे, चो, ला, ली, लू, ले, लो, अ)

आज का दिन प्रतिकूल रहने वाला है। क्रोध और अहम की भावना प्रेम सम्बन्धो में खटास लाएगी। वैसे तो आज आप मौन ही रहेंगे परन्तु परिस्थिति वश धैर्य खो देंगे जिससे स्वयजनो से मनमुटाव होगा। कार्य क्षेत्र पर भी आज आशाएं निराशा में बदलेंगी। सोची हुई योजनाएं बीच मे छोड़ने के कारण दुख होगा। सामाजिक क्षेत्र पर भी आपकी किरकिरी हो सकती है। घरेलू आवश्यकताओ में भी कंजूसी के कारण परिजनों से विरोध रहेगा। धन लाभ अल्प परन्तु आकस्मिक रहेगा। धर्म कर्म में आज रुचि कम ही रहेगी।


वृष🐂 (ई, ऊ, ए, ओ, वा, वी, वू, वे, वो)

आज का दिन आनंद दायक रहेगा। घर एव बाहर का वातावरण उत्साह में वृद्धि करने वाला रहेगा। महिलाये गृहस्थ को लेकर आज ज्यादा गंभीर रहेंगी। मांगलिक कार्यक्रमो में उपस्थिति आध्यत्म में निष्ठा बढ़ायेगी। धर्म पुण्य पर खर्च भी करंगे। परन्तु आज अहंकार की भावना मन मे रह सकती है जिससे बंधुजनों से वैचारिक मतभेद रहेंगे। यात्रा टालने पर भी अम्समात करनी पड़ेगी। व्यवसायी वर्ग मेहनत का अधिक फल पाएंगे। विद्यार्थी वर्ग आज उत्पाती रहेंगे। बड़े बुजुर्गों का आशीर्वाद मिलेगा। धन लाभ मध्यम होगा।


मिथुन👫 (का, की, कू, घ, ङ, छ, के, को, हा)

आज का दिन सुख चैन से व्यतीत करेंगे। कार्यो की अपेक्षा आराम को अधिक महत्त्व देंगे। लापरवाही के कारण संभावित लाभ से वंचित रह सकते है। पारिवारिक माहौल कुछ समय के लिए उथल-पुथल हो सकता है लेकिन महिला एवं बुजुर्गो की कुशलता से स्थिति नियंत्रण में रहेगी। स्वास्थ्य बेहतर रहेगा फिर भी कार्यो को धीमी गति से करेंगे। मन पर्यटन प्रवास की ओर आकर्षित रहेगा। संध्या का समय अधिक शान्त रहेगा। आज व्यय बने रहेंगे पर आय खर्च से अधिक रहेगी। महिलाये अधिक कार्यभर से कुछ समय के लिए धैर्य खो सकती है।


कर्क🦀 (ही, हू, हे, हो, डा, डी, डू, डे, डो)

आज अपनी ही गलतियों पर स्वयं हसने के प्रसंग बनेंगे। दिन का अधिकांश समय आलस्य में बीतेगा परन्तु महिलाये इसके विपरीत अधिक व्यस्त रहेंगी। घर मे अव्यवस्था बढ़ने से गुस्सा आएगा। महिलाओं के अधिक बोलने की वृत्ति अशांति फैलाएगी। कार्य व्यवसाय में धन लाभ निश्चित रहेगा केवल आलसी वृति के कारण थोड़ा आगे-पीछे रह सकता है। व्यवसायी कार्य क्षेत्र पर जल्दी ही व्यस्त हो जाएंगे। सामाजिक आयोजनों में जाना पड़ेगा धन खर्च आज बजट से ऊपर होगा। खान-पान में सावधानी बरतें।


सिंह🦁 (मा, मी, मू, मे, मो, टा, टी, टू, टे)

आज के दिन आकस्मिक खर्च आने से आर्थिक उलझने बढ़ेंगी। अधिकांश खर्च भी दिखावे पर रहेंगे। समाज मे स्वयं को अग्र दिखाने का प्रयास करेंगे। धार्मिक क्षेत्र पर भी आडंबर अधिक रहेगा भावनात्मक स्थल पर धार्मिक स्थानों की अपेक्षा अधिक रुचि लेंगे। महिलाये आस्थावान रहेंगी व्यस्त दिनचर्या के कारण शारीरिक शिथिलता बनेगी। मित्रो के साथ हास्य के पल गलतफहमी के कारण अचानक बिगड़ने की सम्भवना है। बाहर के व्यवहार यथा सम्भव सीमित ही रखे। घर के सदस्यों के साथ अधिक समय बिताये। लाभ की अपेक्षा खर्च अधिक रहेगा।


कन्या👩 (टो, पा, पी, पू, ष, ण, ठ, पे, पो)

आज का दिन शुभ फलदायी है। व्यावसायिक एवं सरकारी कार्यो में थोड़े परिश्रम से सफलता पा लेंगे। सरकारी सहायता मिलने की भी उम्मद है। नौकरी वाले जातक थोड़ी दुविधा में रहेंगे कार्य क्षेत्र पर आलस्य फैलाने के कारण किसी से विवाद हो सकता है। आज कार्यो में सफलता निश्चित रहेगी परन्तु आलस्य का त्याग कर मन को एक जगह केंद्रित रखना आवश्यक है। प्रेम प्रसंगों में आसक्ति रहेगी। महिलाये शारीरिक रूप से बेहतर अनुभव करेंगी आकस्मिक क्रोध आने की समस्या भी रहेगी। धर्म-कर्म में समय देंगे।


तुला⚖️ (रा, री, रू, रे, रो, ता, ती, तू, ते)

आज का दिन व्यावसायिक क्षेत्र में वृद्धि कराएगा। धन लाभ में थोड़ा विलम्ब होगा लेकिन संतोष जनक रहेगा। सहकर्मी आपके सनकी मिजाज से चिढ़ सकते है। संबंधो को लेकर आज चंचलता अधिक रहेगी। परिजनों की बात सुनकर अनदेखी करना राग द्वेष को जन्म देगा। मित्र मंडली में अधिक प्रसन्न रहेंगे। महिलाये आर्थिक उलझन सुलझाने में सहयोग करेंगी। नौकरी पेशा जातक आर्थिक मामलों में विलंब से कुछ समय के लिए परेशान होंगे परन्तु किसी की सहायता मिलने से संतोष होगा। 


वृश्चिक🦂 (तो, ना, नी, नू, ने, नो, या, यी, यू)

आज के दिन आप अपनी कार्यशैली को लेकर आलोचना के शिकार होंगे। कार्यो की गति मंद रहने से विलंब से पूर्ण होंगे। आर्थिक रूप से दिन परेशानी वाला रहेगा उधार के कारण मानसिक चिंता बढ़ेगी। मन में कई योजनाएं रहेंगी लेकिन आर्थिक हालात बाधा डालेंगे। पारिवारिक वातावरण में भी कलह क्लेश रहेगा। महिला वर्ग स्वयं को श्रेष्ठ दिखाने की कोशिश करेंगी। आज किसी भी कार्य को सहजता से होने दे जबरदस्ती करने की कोशिश बिगाड़ सकती है।


धनु🏹 (ये, यो, भा, भी, भू, ध, फा, ढा, भे)

आज आप किसी गुप्त आशंका से भयभीत रह सकते है दैनिक कार्य भी इस वजह से प्रभावित रहेंगे। परोपकार करने पर भी आलोचना ही मिलेगी। गृहस्थ के कार्यो में अरुचि दिखाएंगे। लेकिन धर्म कर्म में आज दृढ़ विश्वास रहेगा। धार्मिक क्षेत्र की यात्रा एवं पूजा पाठ का आयोजन करेंगे। गृहस्थ का वातावरण महिला एवं बच्चों के कारण अकस्मात उग्र बनेगा। आसपडोसियो से आज संयमित व्यवहार रखें। कार्य व्यवसाय में मध्यान के आस-पास अचानक उछाल आने से धन के मार्ग प्रशस्त होंगे। सामाजिक क्षेत्र पर ज्यादा सतर्कता बरतें।


मकर🐊 (भो, जा, जी, खी, खू, खा, खो, गा, गी)

आज का दिन कार्यो में विजय दिलाएगा फिर भी कुछ कार्य अधूरे रहने का मलाल भी रहेगा। आज ध्यान रखें जिस भी कार्य को अधूरा छोड़ेंगे उसे पुनः आरम्भ नही कर सकेंगे। काल्पनिक विचार कुछ हद तक साकार करने का दिन है इसका लाभ उठाएं। शारीरिक समस्याएं बीच मे थोड़ा परेशान कर सकती है। आलस्य के कारण काम से भागेंगे। परिवार में आज इच्छापूर्ति ना करने पर मतभेद बनेगा। संताने नाराज रहेंगी परन्तु महिलाये आपसे भावनात्मक सबन्ध रखेंगी। धार्मिक कार्यो में भी आलस्य दिखाएंगे।


कुंभ🍯 (गू, गे, गो, सा, सी, सू, से, सो, दा)

आज दिन का पहला भाग सभी प्रकार से निराशाजनक रहेगा। जिस भी कार्य को करने का मन बनाएंगे उसी में विलंब होगा। इस अवधि में  किसी से सहयोग की भी अपेक्षा ना रखें स्वय ही परिश्रम करना पड़ेगा इसका फल दोपहर बाद स्थिति अनुकूल बनने पर अवश्य मिलेगा। संध्या तक संतोषजनक धन की प्राप्ति हो जाएगी। आर्थिक एवं पारिवारिक स्थिति बेहतर बनेगी। घर मे महिलाओं का अपेक्षित सुख मिलेगा। बाहर घूमने का आनंद लेंगे। खर्च अकस्मात होंगे पर आवश्यक कार्यो पर ही। सभी जगह निर्भय होकर व्यवहार करेंगे।


मीन🐳 (दी, दू, थ, झ, ञ, दे, दो, चा, ची)

आज के दिन आप व्यर्थ की चिन्ताओ का बोझ लेकर घूमेंगे। व्यवसायी वर्ग कार्यो के परिणाम जानते हुए भी मानसिक द्वंद में फंसे रहेंगे। कार्य क्षेत्र पर अधीनस्थों का उद्दण्ड व्यवहार गतिरोध लाएगा। नौकरी पेशा जातक आज आराम में अधिक समय बितायेंगे आलस्य के कारण घरेलू कार्य लटके रहेंगे। महिलाओं से प्रेमपूर्ण व्यवहार रहेगा। प्रेम प्रसंगों में अनिश्चितता रहेगी। घर के बुजुर्ग से किसी महत्त्वपूर्ण विषय मे मार्गदर्शन भविष्य में लाभ कराएगा। धन लाभ आज ठीक ठाक रहेगा।

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